मोहाली । पारस हेल्थ ने आउटपेशेंट केयर को और सुलभ बनाने के उद्देश्य से मोहाली में अपना पहला पारस मेडसेंटर शुरू किया है। इस सेंटर का उद्घाटन पारस हेल्थ के ग्रुप सीओओ श्री विनीत अग्रवाल, पारस हेल्थ पंचकूला के फैसिलिटी डायरेक्टर डॉ. पंकज मित्तल और अन्य वरिष्ठ डॉक्टरों की उपस्थिति में किया गया। मेडसेंटर में डॉक्टर परामर्श, जांच सुविधाएं और फॉलो-अप इलाज की सेवाएं उपलब्ध होंगी। साथ ही, पारस हेल्थ पंचकूला के विशेषज्ञ डॉक्टर भी यहां समय-समय पर सेवाएं देंगे।
उद्घाटन समारोह में वरिष्ठ अधिकारी, हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स, कॉर्पोरेट और सार्वजनिक क्षेत्र के प्रतिनिधि, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के सदस्य और स्थानीय मेडिकल समुदाय के लोग शामिल हुए। पैरागॉन सीनियर सेकेंडरी स्कूल के प्रिंसिपल भी इस अवसर पर मौजूद रहे। यह सेंटर अनुभवी विशेषज्ञों द्वारा परामर्श उपलब्ध कराएगा, जिससे स्थानीय लोगों को उन्नत स्वास्थ्य सेवाएं अपने नजदीक मिल सकेंगी। मोहाली और पंचकूला के आसपास रहने वाले लोगों के लिए यह सेंटर खास राहत लेकर आएगा, क्योंकि अब उन्हें सामान्य जांच और परामर्श के लिए दूर अस्पताल जाने की जरूरत कम होगी। इससे समय पर और किफायती इलाज मिलना आसान होगा, खासकर उन मरीजों के लिए जिन्हें नियमित चेक-अप या लगातार इलाज की आवश्यकता होती है। इस अवसर पर श्री विनीत अग्रवाल ने कहा कि मोहाली में पहला पारस मेडसेंटर शुरू करना पारस हेल्थ की मरीज-केंद्रित स्वास्थ्य सेवाओं को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उनका कहना था कि कंपनी का लक्ष्य विशेषज्ञ सेवाओं को लोगों के घर के करीब पहुंचाना है, ताकि इलाज अधिक आसान और सुविधाजनक हो सके। डॉ. पंकज मित्तल ने कहा कि तेजी से विकसित हो रहे शहरों में विशेषज्ञ डॉक्टरों तक समय पर पहुंच एक बड़ी चुनौती है। ऐसे में यह मेडसेंटर लोगों को अपने नजदीक ही बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराएगा, जिससे मरीज समय पर इलाज ले सकेंगे और अपनी सेहत का बेहतर प्रबंधन कर पाएंगे। विशेषज्ञों के अनुसार, कई स्वास्थ्य समस्याएं जैसे शुरुआती जांच, नियमित निगरानी और डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर व हृदय रोग जैसी बीमारियों का प्रबंधन आउटपेशेंट स्तर पर ही प्रभावी तरीके से किया जा सकता है। बदलती जीवनशैली के कारण ऐसी बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं, इसलिए समय पर जांच और इलाज बेहद जरूरी हो गया है। मोहाली में शुरू हुआ यह पारस मेडसेंटर आने वाले समय में ऐसे और केंद्र खोलने की दिशा में पहला कदम माना जा रहा है। पारस हेल्थ का उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं को लोगों के घर के पास उपलब्ध कराना और इलाज को आसान बनाना है।
मोहाली में पारस हेल्थ का पहला मेडसेंटर शुरू, विशेषज्ञ सेवाएं अब और करीब
पंजाब में सत्य भारती स्कूलों ने कक्षा 10 और कक्षा 8 बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट शैक्षणिक परिणाम दर्ज किए
अमृतसर । भारती एयरटेल फाउंडेशन द्वारा संचालित सत्य भारती स्कूलों ने पंजाब में कक्षा 10 (सीबीएसई) और कक्षा 8 (पीएसईबी) परीक्षाओं में लगातार मजबूत शैक्षणिक प्रदर्शन किया है। यह उपलब्धि माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक स्कूल स्तर पर सत्य भारती स्कूलों की निरंतर शैक्षणिक उत्कृष्टता का प्रमाण है।सीबीएसई कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा 2025-26 में पाँच सत्य भारती आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत उत्कृष्ट रहा। यह 98.80 प्रतिशत है। यह राष्ट्रीय औसत 93.70 और पंचकूला क्षेत्र के औसत 92.24 से काफी अधिक है। छात्राओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 100 प्रतिशत उत्तीर्ण प्रतिशत हासिल किया और सीबीएसई के राष्ट्रीय औसत 94.99 को पीछे छोड़ दिया है। यह सत्य भारती स्कूलों में लड़कियों के मजबूत शैक्षणिक परिणाम को दर्शाता है। ये स्कूल आदर्श योजना के तहत पंजाब राज्य सरकार के साथ पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल में संचालित होते हैं। ये चोगावां और फत्तुभिला (अमृतसर), झनेरी (संगरूर) और राऊनी और शेरपुर कलां (लुधियाना) में स्थित हैं। चोगावां और शेरपुर कलां के स्कूलों ने 100 प्रतिशत परिणाम दर्ज किए। कुल मिलाकर, परिणाम वर्ष-दर-वर्ष निरंतर सुधार को दर्शाते हैं। यह सुधार पूरे स्कूलों में बेहतर शैक्षणिक प्रदर्शन और विद्यार्थियों की निरंतर प्रगति से स्पष्ट होता है।पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड (पीएसईबी) की कक्षा आठवीं के परिणामों में, पंजाब के 20 सत्य भारती स्कूलों के विद्यार्थियों ने 99.5 प्रतिशत का कुल उत्तीर्ण परिणाम दर्ज किया, जो राज्य के औसत 96.51 प्रतिशत से अधिक है। छात्राओं ने लगातार मजबूत प्रदर्शन बनाए रखा। उन्होंने उच्च ग्रेड वाली श्रेणियों में स्पष्ट बढ़त बनाए रखी और सकारात्मक लैंगिक समानता के परिणामों को मजबूत किया। ये परिणाम माध्यमिक स्कूल स्तर पर अधिकांश ग्रेड श्रेणियों में ठोस बुनियादी शिक्षा और निरंतर प्रगति को दर्शाते हैं।भारती एयरटेल फाउंडेशन की मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुश्री नूरिया अंसारी ने कहा, “सत्य भारती स्कूलों ने हर कक्षा में लगातार मजबूत परिणाम दिए हैं। यह वर्षों में विकसित की गई मजबूत शैक्षणिक नींव को दर्शाता है। इस बार के परिणाम विशेष तौर पर उत्कृष्ट रहे हैं। ये हमारे शिक्षकों की निष्ठा, विद्यार्थियों के संकल्प और समुदाय व सरकार के साथ हमारी साझेदारी की मज़बूती को दर्शाते हैं। हमारा ध्यान गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने पर ही केंद्रित है, ऐसी शिक्षा जो बच्चों को उनकी क्षमता पहचानने और भविष्य के अवसरों के लिए तैयार होने में सक्षम बनाए।”आठवीं और दसवीं कक्षा के शानदार परिणाम सत्य भारती स्कूल कार्यक्रम के प्रभाव को रेखांकित करते हैं। यह कार्यक्रम साल 2006 में भारती एयरटेल फाउंडेशन की प्रमुख शिक्षा पहल के तौर पर शुरू किया गया था। वर्तमान में 147 सत्य भारती स्कूलों में 34,000 से अधिक बच्चे नामांकित हैं, जिनमें 51 प्रतिशत लड़कियां हैं। यह कार्यक्रम ग्रामीण और वंचित समुदायों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने पर केंद्रित है। इसके तहत निरंतर व्यावसायिक विकास और डिजिटल सशक्तिकरण के माध्यम से शिक्षण प्रक्रियाओं को मजबूत किया जाता है। साथ ही समग्र शिक्षण वातावरण विकसित किया जाता है, जिसमें शैक्षणिक, सह पाठ्यक्रम गतिविधियां और छात्र कल्याण शामिल हैं।शैक्षणिक उपलब्धि हासिल करने वाले विद्यार्थीकक्षा 10 (सीबीएसई): सत्य भारती आदर्श सीनियर सेकेंडरी स्कूल, राऊनी, पंजाब की छात्रा यदविंदर कौर ने सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में 96.60 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। वह सीबीएसई द्वारा मान्यता प्राप्त युवा लेखिका हैं और इसरो युविका कार्यक्रम की प्रतिभागी रह चुकी हैं। वह सशस्त्र बलों या सिविल सेवाओं के माध्यम से देश की सेवा करना चाहती हैं।पंजाब के शेरपुर कलां स्थित सत्य भारती आदर्श सीनियर सेकेंडरी स्कूल के छात्र मनवीर सिंह ने सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में 96.20 प्रतिशत अंक प्राप्त कर उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। एक प्रतिभाशाली ऑल राउंडर के रूप में मनवीर ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है। उनके अभिनव प्रोजेक्ट “बुली गार्ड एआई” के लिए उन्हें ₹25,000 का पुरस्कार प्रदान किया गया।कक्षा 8 (पीएसईबी): सत्य एलिमेंट्री स्कूल, धुलका, अमृतसर की छात्राओं पायलप्रीत कौर और नवजोत कौर, ने पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड परीक्षा में 96.60 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। दोनों चिकित्सा क्षेत्र में करियर बनाना चाहती हैं और डॉक्टर बनकर देश की सेवा करने की इच्छा रखती हैं।
पंजाब में सत्य भारती स्कूलों ने कक्षा 10 और कक्षा 8 बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट शैक्षणिक परिणाम दर्ज किए
चंडीगढ़ । भारती एयरटेल फाउंडेशन द्वारा संचालित सत्य भारती स्कूलों ने पंजाब में कक्षा 10 (सीबीएसई) और कक्षा 8 (पीएसईबी) परीक्षाओं में लगातार मजबूत शैक्षणिक प्रदर्शन किया है। यह उपलब्धि माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक स्कूल स्तर पर सत्य भारती स्कूलों की निरंतर शैक्षणिक उत्कृष्टता का प्रमाण है।सीबीएसई कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा 2025-26 में पाँच सत्य भारती आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत उत्कृष्ट रहा। यह 98.80 प्रतिशत है। यह राष्ट्रीय औसत 93.70 और पंचकूला क्षेत्र के औसत 92.24 से काफी अधिक है। छात्राओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 100 प्रतिशत उत्तीर्ण प्रतिशत हासिल किया और सीबीएसई के राष्ट्रीय औसत 94.99 को पीछे छोड़ दिया है। यह सत्य भारती स्कूलों में लड़कियों के मजबूत शैक्षणिक परिणाम को दर्शाता है। ये स्कूल आदर्श योजना के तहत पंजाब राज्य सरकार के साथ पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल में संचालित होते हैं। ये चोगावां और फत्तुभिला (अमृतसर), झनेरी (संगरूर) और राऊनी और शेरपुर कलां (लुधियाना) में स्थित हैं। चोगावां और शेरपुर कलां के स्कूलों ने 100 प्रतिशत परिणाम दर्ज किए। कुल मिलाकर, परिणाम वर्ष-दर-वर्ष निरंतर सुधार को दर्शाते हैं। यह सुधार पूरे स्कूलों में बेहतर शैक्षणिक प्रदर्शन और विद्यार्थियों की निरंतर प्रगति से स्पष्ट होता है।पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड (पीएसईबी) की कक्षा आठवीं के परिणामों में, पंजाब के 20 सत्य भारती स्कूलों के विद्यार्थियों ने 99.5 प्रतिशत का कुल उत्तीर्ण परिणाम दर्ज किया, जो राज्य के औसत 96.51 प्रतिशत से अधिक है। छात्राओं ने लगातार मजबूत प्रदर्शन बनाए रखा। उन्होंने उच्च ग्रेड वाली श्रेणियों में स्पष्ट बढ़त बनाए रखी और सकारात्मक लैंगिक समानता के परिणामों को मजबूत किया। ये परिणाम माध्यमिक स्कूल स्तर पर अधिकांश ग्रेड श्रेणियों में ठोस बुनियादी शिक्षा और निरंतर प्रगति को दर्शाते हैं।भारती एयरटेल फाउंडेशन की मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुश्री नूरिया अंसारी ने कहा, “सत्य भारती स्कूलों ने हर कक्षा में लगातार मजबूत परिणाम दिए हैं। यह वर्षों में विकसित की गई मजबूत शैक्षणिक नींव को दर्शाता है। इस बार के परिणाम विशेष तौर पर उत्कृष्ट रहे हैं। ये हमारे शिक्षकों की निष्ठा, विद्यार्थियों के संकल्प और समुदाय व सरकार के साथ हमारी साझेदारी की मज़बूती को दर्शाते हैं। हमारा ध्यान गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने पर ही केंद्रित है, ऐसी शिक्षा जो बच्चों को उनकी क्षमता पहचानने और भविष्य के अवसरों के लिए तैयार होने में सक्षम बनाए।”आठवीं और दसवीं कक्षा के शानदार परिणाम सत्य भारती स्कूल कार्यक्रम के प्रभाव को रेखांकित करते हैं। यह कार्यक्रम साल 2006 में भारती एयरटेल फाउंडेशन की प्रमुख शिक्षा पहल के तौर पर शुरू किया गया था। वर्तमान में 147 सत्य भारती स्कूलों में 34,000 से अधिक बच्चे नामांकित हैं, जिनमें 51 प्रतिशत लड़कियां हैं। यह कार्यक्रम ग्रामीण और वंचित समुदायों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने पर केंद्रित है। इसके तहत निरंतर व्यावसायिक विकास और डिजिटल सशक्तिकरण के माध्यम से शिक्षण प्रक्रियाओं को मजबूत किया जाता है। साथ ही समग्र शिक्षण वातावरण विकसित किया जाता है, जिसमें शैक्षणिक, सह पाठ्यक्रम गतिविधियां और छात्र कल्याण शामिल हैं।शैक्षणिक उपलब्धि हासिल करने वाले विद्यार्थीकक्षा 10 (सीबीएसई): सत्य भारती आदर्श सीनियर सेकेंडरी स्कूल, राऊनी, पंजाब की छात्रा यदविंदर कौर ने सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में 96.60 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। वह सीबीएसई द्वारा मान्यता प्राप्त युवा लेखिका हैं और इसरो युविका कार्यक्रम की प्रतिभागी रह चुकी हैं। वह सशस्त्र बलों या सिविल सेवाओं के माध्यम से देश की सेवा करना चाहती हैं।पंजाब के शेरपुर कलां स्थित सत्य भारती आदर्श सीनियर सेकेंडरी स्कूल के छात्र मनवीर सिंह ने सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में 96.20 प्रतिशत अंक प्राप्त कर उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। एक प्रतिभाशाली ऑल राउंडर के रूप में मनवीर ने विभिन्न प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है। उनके अभिनव प्रोजेक्ट “बुली गार्ड एआई” के लिए उन्हें ₹25,000 का पुरस्कार प्रदान किया गया।कक्षा 8 (पीएसईबी): सत्य एलिमेंट्री स्कूल, धुलका, अमृतसर की छात्राओं पायलप्रीत कौर और नवजोत कौर, ने पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड परीक्षा में 96.60 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। दोनों चिकित्सा क्षेत्र में करियर बनाना चाहती हैं और डॉक्टर बनकर देश की सेवा करने की इच्छा रखती हैं।
युवा महोत्सवों में चमके जीजीडीएसडी कॉलेज के छात्र, पीयू के वार्षिक समारोह में मिला सम्मान
चंडीगढ़। सेक्टर-32 स्थित गोस्वामी गणेश दत्त सनातन धर्म कॉलेज के स्टूडेंट्स को पंजाब यूनिवर्सिटी के युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित वार्षिक समारोह 2026 में सम्मानित किया गया। इन समारोह में उन छात्र कलाकारों को सम्मान मिला जिन्होंने एआईयू इंटर-यूनिवर्सिटी नेशनल यूथ फेस्टिवल, एआईयू नॉर्थ ज़ोन यूथ फेस्टिवल और पंजाब स्टेट इंटर-यूनिवर्सिटी यूथ फेस्टिवल जैसे प्रतिष्ठित मंचों पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर यूनिवर्सिटी का नाम रोशन किया। जीजीडीएसडी कॉलेज ने एक बार फिर अपनी सांस्कृतिक श्रेष्ठता का प्रदर्शन करते हुए विभिन्न प्रतियोगिताओं में पुरस्कार हासिल किए। सम्मानित किए गए स्टूडेंट्स में कार्टूनिंग में नंदन, भांगड़ा में साई अर्पण, गौरव और मनजिंदर सिंह तथा फोक ऑर्केस्ट्रा में ब्रह्मप्रीत सिंह, बिसमन कौर, मंकारा सिंह कलसी, नवदीप सिंह, निमरत कौर, गर्व पाटियाल, गुमनूर कौर, रहत कौर, अक्षदीप सिंह, अगम सिंह खालसा, हर्षदीप सिंह और गुरप्रीत गुरी शामिल रहे। यह उपलब्धि कॉलेज की सांस्कृतिक परंपरा और स्टूडेंट्स की प्रतिभा को निरंतर प्रोत्साहन देने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इसी कड़ी में कॉलेज ने एएस कॉलेज, खन्ना में आयोजित प्रतिष्ठित पंजाब यूनिवर्सिटी इंटर-ज़ोनल यूथ फेस्टिवल में वाइस-चांसलर फर्स्ट रनर-अप ट्रॉफी भी हासिल कर अपनी उपलब्धियों में एक और मुकाम जोड़ा। कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. अजय शर्मा ने स्टूडेंट्स और शिक्षकों को इस उल्लेखनीय सफलता पर बधाई देते हुए कहा कि संस्थान को-करिकुलर और शैक्षणिक गतिविधियों में उत्कृष्टता के साथ समग्र विकास के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है। कॉलेज अपनी सृजनात्मकता, अनुशासन और उत्कृष्ट प्रदर्शन की परंपरा को कायम रखते हुए पंजाब यूनिवर्सिटी की सांस्कृतिक उपलब्धियों में अग्रणी भूमिका निभाता रहा है।
आकाश एजुकेशनल चंडीगढ़ रीजन जेईई मेन 2026 में सबसे आगे, 50 स्टूडेंट्स ने बेहतरीन प्रदर्शन किया
यशवर्धन को ऑल इंडिया रैंक 11 मिला
चंडीगढ़। आकाश एजुकेशनल, चंडीगढ़ के स्टूडेंट्स ने एक बार फिर जेईई मेन 2026 में शानदार प्रदर्शन किया है। टॉपर के इस ग्रुप को चंडीगढ़ के यशवर्धन लीड कर रहे हैं, जिन्होंने शानदार ऑल इंडिया रैंक 11 हासिल की है, और शहर से टॉप परफॉर्मर बनकर उभरे हैं और नेशनल लेवल पर आकाश एजुकेशनल के एकेडमिक एक्सीलेंस के लगातार ट्रैक रिकॉर्ड को और मज़बूत किया है। चंडीगढ़ रीजन में आकाश एजुकेशनल सर्विसेज लिमिटेड के स्टूडेंट्स ने जेईई मेन 2026 सेशन 2 में शानदार परफॉर्मेंस दी। यशवर्धन ऑल इंडिया रैंक ऑल इंडिया रैंक 11 के साथ सबसे आगे रहे, उनके बाद तविश गोयल ऑल इंडिया रैंक ऑल इंडिया रैंक 493 के साथ दूसरे और इश्मित सिंह ऑल इंडिया रैंक 503 के साथ दूसरे नंबर पर रहे। नमन नरूला ने ऑल इंडिया रैंक 1123 हासिल की, जबकि अर्शप्रीत सिंह ने ऑल इंडिया रैंक 1344 और अमितोज तुर्का ने ऑल इंडिया रैंक 1441 हासिल की। अप्रैल 2026 में जारी नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के रिजल्ट के मुताबिक, चंडीगढ़ के आकाश इंस्टीट्यूट के 50 स्टूडेंट्स ने जेईई मेन 2026 (सेशन 2) में शानदार परफॉर्मेंस दी, जिससे एक और साल लगातार एकेडमिक रिजल्ट्स मिले। डिप्टी रीजनल डायरेक्टर, मिस्टर जसदीप सिंह बाबरा ने कहा: “चंडीगढ़ एरिया के स्टूडेंट्स की सफलता उनकी अपनी पढ़ाई के प्रति कमिटमेंट और आकाश लर्निंग एनवायरनमेंट की मज़बूत नींव को दिखाती है, जो स्टूडेंट्स को उनकी काबिलियत के हर लेवल पर डेवलप करने में मदद करता है। इन रिज़ल्ट को पाने में उनकी लगन, लगन और लगातार सुधार का बड़ा हाथ रहा है। स्टूडेंट्स ने अपनी सफलता का क्रेडिट सेल्फ-डिसिप्लिन, लगातार प्रैक्टिस, कड़ी ट्रेनिंग, समय पर मेंटरिंग और रेगुलर असेसमेंट को दिया, जिससे उन्हें कमियों को जल्दी पहचानने और अपनी परफॉर्मेंस को लगातार बेहतर बनाने में मदद मिली। एक स्ट्रक्चर्ड करिकुलम, क्वालिफाइड इंस्ट्रक्टर से गाइडेंस और रेगुलर सिम्युलेटेड टेस्ट की मदद से, वे फोकस बनाए रखने, अपने फंडामेंटल्स को मज़बूत करने और अपनी ओवरऑल एग्जाम की तैयारी को बेहतर बनाने में कामयाब रहे।
ट्रैफिक पुलिसकर्मी पर रिश्वत मांगने का आरोप
3000 की मांग ठुकराने पर काटा 14 हजार का चालान, बाइक भी जब्त करने का आरोप
चंडीगढ़ । चंडीगढ़ में ट्रैफिक पुलिस पर रिश्वत मांगने और अभद्र व्यवहार करने के गंभीर आरोप लगे हैं। जीरकपुर निवासी हरमनप्रीत सिंह ने आरोप लगाया है कि हम हल्लोमाजरा चौक पर ड्यूटी पर तैनात एक ट्रैफिक पुलिस कर्मी ने उससे अवैध पैसे की मांग की और मना करने पर भारी चालान कर दिया।शिकायत के अनुसार, 19 अप्रैल को शाम करीब 5:30 बजे हरमनप्रीत अपनी मोटरसाइकिल पर हल्लोमाजरा चौक से गुजर रहा था। उस समय उसके पास वाहन के भौतिक दस्तावेज नहीं थे, लेकिन उसने पुलिस कर्मी को बताया कि सभी दस्तावेज ऑनलाइन उपलब्ध हैं और वह तुरंत दिखा सकता है।आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद सब-इंस्पेक्टर सुभाष चंद्र ने पहले 3000 और बाद में 2000 रिश्वत देने का दबाव बनाया। जब युवक ने पैसे देने से इनकार किया तो उसके साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया। यहां तक कि फोन पर बात कर रहे उसके परिचित से भी बदसलूकी की गई।14 हजार का चालान, बाइक जब्तयुवक का आरोप है कि रिश्वत न देने पर पुलिस कर्मी ने उसके खिलाफ करीब 14 हजार का चालान काट दिया और मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली। उसने कहा कि चालान में लगाए गए आरोप वास्तविकता से मेल नहीं खाते और यह कार्रवाई बदले की भावना से की गई है।उच्च अधिकारियों से की शिकायतपीड़ित ने मामले की शिकायत पुलिस महानिदेशक (डीजीपी ) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी ) चंडीगढ़ को भेजकर निष्पक्ष जांच की मांग की है। साथ ही संबंधित पुलिस कर्मी के खिलाफ सख्त कार्रवाई, चालान रद्द करने और जब्त वाहन को रिहा करने की मांग की है।
भारतीय शिक्षा व्यवस्था की सच्चाइयों को उजागर कर रही है डॉ. रोज़ की किताब , चंडीगढ़ प्रेस क्लब में विमोचन
चंडीगढ़ । तीन दशकों से शिक्षा जगत को अपनी सेवाएं दे चुके डॉ. हरजिंदर सिंह रोज़ की पुस्तक “फ्रोम जैतेवाली टू दी हाल्स आफ एकेडमिया” का विमोचन मंगलवार को चंडीगढ़ प्रेस क्लब में किया गया। यह किताब केवल एक जीवन यात्रा का वर्णन नहीं है, बल्कि भारतीय उच्च शिक्षा व्यवस्था की वास्तविकताओं, उसकी मजबूती, विरोधाभासों और चुनौतियों को लेखक के अनुभवों के जरिए बेहद सच्चाई से सामने लाती है।यह पुस्तक एक साधारण आत्मकथा से भी आगे बढ़कर जीवन के “संघर्ष और संतोष” दोनों पहलुओं को गहराई से प्रस्तुत करती है। पंजाब के जैतेवाला गाँव के साधारण परिवेश में जन्मे डॉ. रोज़ ने अपनी यात्रा में यह दिखाया है कि कैसे परिस्थितियाँ और अवसर मिलकर इंसान की दिशा तय करते हैं। किताब में ग्रामीण जीवन की भावनात्मक और सामाजिक तस्वीर भी उभरती है, जहाँ पारंपरिक मूल्यों के धीरे-धीरे बदलने के साथ-साथ शिक्षा की ताकत को परिवर्तन के साधन के रूप में दर्शाया गया है।करीब 478 पन्नों और 29 चैप्टर में सिमटी इस किताब में भटिंडा स्थित तलवंडी साहिब गुरु काशी विश्वविद्यालय में कुलपति रह चुके डॉ. रोज़ ने शिक्षा जगत की कई कड़वी सच्चाइयों को बेबाकी से रखा है जैसे एकेडमिक इनब्रीडिंग, रिसर्च में गिरती नैतिकता, सिस्टम की धीमी कार्यप्रणाली और बढ़ता प्रशासनिक हस्तक्षेप। अपने अनुभवों के आधार पर उन्होंने बताया है कि किस तरह संस्थानों के निर्णय, नेतृत्व शैली (लीडरशिप स्टाइल) और नीतियाँ उच्च शिक्षा की गुणवत्ता और दिशा को प्रभावित करती हैं। बार-बार लीडरशिप में बदलाव, योग्यता से समझौता और संस्थानों में निरंतरता की कमी जैसे मुद्दों पर भी उन्होंने खुलकर अपनी बात रखी है।किताब केवल समस्याओं की ओर इशारा नहीं करती, बल्कि शिक्षा के व्यापक उद्देश्य को भी सामने लाती है। इसमें मेंटरशिप, बौद्धिक ईमानदारी (इंटेलेक्चुअल होनेस्टी) और समाज के प्रति शिक्षकों की जिम्मेदारी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी प्रकाश डाला गया है। छात्रों को मार्गदर्शन देने, शोध संस्कृति (रिसर्च कल्चर) को बढ़ावा देने और वैज्ञानिक सोच विकसित करने के अपने अनुभवों के जरिए डॉ. रोज़ ने ईमानदारी, धैर्य और नैतिकता के महत्वपूर्ण संदेश दिए हैं।साथ ही, पुस्तक में लेखक के व्यक्तिगत संघर्षों जैसे पढ़ाई के लिए लंबी दूरी तय करना, पेशेवर चुनौतियाँ और निजी जीवन की कठिनाईयों का भी उल्लेख है, जिन्होंने उनके दृष्टिकोण को आकार दिया।डॉ. हरजिंदर सिंह रोज़ की यह किताब आत्मकथा, समीक्षा और चिंतन का एक प्रभावशाली संगम है। यह न केवल एक प्रेरक यात्रा को प्रस्तुत करती है, बल्कि पाठकों को शिक्षा के उद्देश्य और उसकी वर्तमान स्थिति पर सोचने के लिए भी प्रेरित करती है ।
OMCs ने चंडीगढ़ में ईंधन व LPG की निर्बाध आपूर्ति का आश्वासन दिया
मोटर स्पिरिट, हाई-स्पीड डीजल व घरेलू LPG की बिक्री सामान्य बनी हुई : अशुतोष गुप्ता
चंडीगढ़। ईंधन उपलब्धता को लेकर चिंताओं के बीच, आईओसीएल पंजाब राज्य कार्यालय के कार्यकारी निदेशक व राज्य प्रमुख अशुतोष गुप्ता, जो पंजाब में तेल उद्योग के राज्य स्तरीय समन्वयक भी हैं, ने चंडीगढ़ में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए निवासियों को आश्वस्त किया कि केंद्र शासित प्रदेश भर में पेट्रोलियम उत्पादों व LPG की आपूर्ति स्थिर व पर्याप्त बनी हुई है। उन्होंने आपूर्ति में किसी तरह की बाधा न होने पर जोर दिया और उपभोक्ताओं से ना घबराने का आग्रह किया। सुषांत कुमार, राज्य स्तरीय समन्वयक (SLC), चंडीगढ़, तथा श्री परमेश्वर, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर व लद्दाख के लिए LPG प्रभारी, कॉन्फ्रेंस के दौरान उपस्थित रहे।तेल विपणन कंपनियों (OMCs) ने दोहराया कि चंडीगढ़ में पेट्रोलियम उत्पादों व LPG की आपूर्ति स्थिर व वर्तमान मांग पूरी करने के लिए पर्याप्त है। मोटर स्पिरिट (MS) व हाई-स्पीड डीजल (HSD) का स्टॉक यू.टी. में सामान्य है, अशुतोष गुप्ता ने कहा कि OMC डिपो स्वस्थ इन्वेंटरी स्तर बनाए हुए हैं, जबकि रिटेल आउटलेट्स के पास निर्बाध बिक्री सुनिश्चित करने के लिए पर्याप्त स्टॉक है। ऑटोमोटिव ईंधनों की उपलब्धता को लेकर कोई चिंता का विषय नहीं है।भारत की LPG आपूर्ति स्थिर बनी हुई है और वैश्विक ऊर्जा बाजारों पर प्रभाव डालने वाले चल रहे भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के बावजूद घरेलू उपभोक्ताओं तक निर्बाध वितरण सुनिश्चित करने के लिए करीबी निगरानी की जा रही है। घरेलू LPG को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है।तेल विपणन कंपनियों ने चंडीगढ़ यू.टी. भर के घरों में LPG की निर्बाध आपूर्ति बनाए रखी है, सिलेंडर वितरण संकट पूर्व स्तरों के व्यापक रूप से अनुसार जारी है। ग्राहकों से रिफिल बुकिंग के लिए SMS व IVRS जैसे डिजिटल मोड का उपयोग करने का आग्रह किया गया है। सुषांत कुमार ने सूचित किया कि वर्तमान में लगभग 89.4% बुकिंग्स डिजिटल मोड से प्राप्त हो रही हैं, और साथ ही डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC-OTP) के उपयोग से वास्तविक ग्राहकों तक वितरण सुनिश्चित किया जा रहा है। फिलहाल चंडीगढ़ में DAC अनुपालन स्तर वर्तमान में 87.34% है। इसके अतिरिक्त, अशुतोष गुप्ता ने पड़ोसी राज्यों के तुलनात्मक आंकड़े साझा किए। पंजाब में लगभग 94% LPG बुकिंग्स डिजिटल मोड से प्राप्त हो रही हैं, DAC अनुपालन लगभग 91% है। हिमाचल प्रदेश में लगभग 91% बुकिंग्स डिजिटल हैं, जबकि DAC अनुपालन लगभग 85% है, जो वास्तविक उपभोक्ताओं तक वितरण सुनिश्चित करता है। वर्तमान स्थिति में सोशल मीडिया पर कुछ चिंताएँ उठी हैं, और वास्तविक मुद्दों का तत्काल समाधान प्रदान किया जा रहा है। ग्राहकों के लाभ हेतु प्रासंगिक जानकारी व अपडेट आधिकारिक संचार चैनलों के माध्यम से नियमित रूप से साझा किए जा रहे हैं।कुछ LPG वितरकों की शिकायतें सोशल मीडिया व प्रत्यक्ष ग्राहक फीडबैक के माध्यम से प्राप्त हुई हैं। काला बाजारी व जमाखोरी रोकने के लिए चंडीगढ़ भर में LPG वितरकताओं का आकस्मिक निरीक्षण करने हेतु बहु-कार्यात्मक टीमें गठित की गई हैं। दोषपूर्ण वितरकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है। इसके अतिरिक्त, LPG वितरकताओं के विभिन्न प्रदर्शन मापदंडों का डेटा विश्लेषण किया जा रहा है, जो लक्षित निरीक्षणों का आधार भी बनेगा। OMCs चंडीगढ़ यू.टी. प्रशासन के साथ निकट समन्वय में कुप्रथाओं को रोकने व भंडारण नियंत्रित करने के लिए कार्यरत हैं, कई प्रवर्तन छापेमारी पहले से ही कर ली गई हैं।ग्राहकों से घबराहटपूर्ण बुकिंग या LPG सिलेंडरों का भंडारण न करने, अफवाहों पर विश्वास न करने, और सटीक जानकारी हेतु केवल आधिकारिक स्रोतों पर निर्भर रहने की सलाह दी गई है। वर्तमान में LPG आपूर्ति सामान्य व स्थिर बनी हुई है, कोई कमी नहीं है। उपभोक्ताओं से LPG वितरकताओं पर अनावश्यक कतार न लगाने का अनुरोध किया गया है, क्योंकि घबरा के बुकिंग करने या जमाखोरी की कोई आवश्यकता नहीं है। मांग का समर्थन करने हेतु, वाणिज्यिक LPG आवंटन को संकट पूर्व स्तरों के लगभग 70% तक बढ़ाया गया है। अतिरिक्त उपायों में प्रवासी मजदूरों व अन्य कमजोर वर्गों का समर्थन करने हेतु 5 किग्रा फ्री ट्रेड LPG (FTL) सिलेंडरों का आवंटन दोगुना करना शामिल है। अशुतोष गुप्ता ने दोहराया कि तेल विपणन कंपनियाँ LPG की सहज उपलब्धता सुनिश्चित करने, वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने, और कालाबाजारी के विरुद्ध कड़े उपाय लागू करने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहरा रही हैं।
OMCs ने चंडीगढ़ में ईंधन व LPG की निर्बाध आपूर्ति का आश्वासन दिया
मोटर स्पिरिट, हाई-स्पीड डीजल व घरेलू LPG की बिक्री सामान्य बनी हुई: श्री अशुतोष गुप्ता
चंडीगढ़। ईंधन उपलब्धता को लेकर चिंताओं के बीच, आईओसीएल पंजाब राज्य कार्यालय के कार्यकारी निदेशक व राज्य प्रमुख श्री अशुतोष गुप्ता, जो पंजाब में तेल उद्योग के राज्य स्तरीय समन्वयक भी हैं, ने चंडीगढ़ में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए निवासियों को आश्वस्त किया कि केंद्र शासित प्रदेश भर में पेट्रोलियम उत्पादों व LPG की आपूर्ति स्थिर व पर्याप्त बनी हुई है। उन्होंने आपूर्ति में किसी तरह की बाधा न होने पर जोर दिया और उपभोक्ताओं से ना घबराने का आग्रह किया।श्री सुषांत कुमार, राज्य स्तरीय समन्वयक (SLC), चंडीगढ़, तथा श्री परमेश्वर, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर व लद्दाख के लिए LPG प्रभारी, कॉन्फ्रेंस के दौरान उपस्थित रहे।तेल विपणन कंपनियों (OMCs) ने दोहराया कि चंडीगढ़ में पेट्रोलियम उत्पादों व LPG की आपूर्ति स्थिर व वर्तमान मांग पूरी करने के लिए पर्याप्त है। मोटर स्पिरिट (MS) व हाई-स्पीड डीजल (HSD) का स्टॉक यू.टी. में सामान्य है, श्री अशुतोष गुप्ता ने कहा कि OMC डिपो स्वस्थ इन्वेंटरी स्तर बनाए हुए हैं, जबकि रिटेल आउटलेट्स के पास निर्बाध बिक्री सुनिश्चित करने के लिए पर्याप्त स्टॉक है। ऑटोमोटिव ईंधनों की उपलब्धता को लेकर कोई चिंता का विषय नहीं है।भारत की LPG आपूर्ति स्थिर बनी हुई है और वैश्विक ऊर्जा बाजारों पर प्रभाव डालने वाले चल रहे भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के बावजूद घरेलू उपभोक्ताओं तक निर्बाध वितरण सुनिश्चित करने के लिए करीबी निगरानी की जा रही है। घरेलू LPG को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है।तेल विपणन कंपनियों ने चंडीगढ़ यू.टी. भर के घरों में LPG की निर्बाध आपूर्ति बनाए रखी है, सिलेंडर वितरण संकट पूर्व स्तरों के व्यापक रूप से अनुसार जारी है। ग्राहकों से रिफिल बुकिंग के लिए SMS व IVRS जैसे डिजिटल मोड का उपयोग करने का आग्रह किया गया है। श्री सुषांत कुमार ने सूचित किया कि वर्तमान में लगभग 89.4% बुकिंग्स डिजिटल मोड से प्राप्त हो रही हैं, और साथ ही डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC-OTP) के उपयोग से वास्तविक ग्राहकों तक वितरण सुनिश्चित किया जा रहा है। फिलहाल चंडीगढ़ में DAC अनुपालन स्तर वर्तमान में 87.34% है।इसके अतिरिक्त, श्री अशुतोष गुप्ता ने पड़ोसी राज्यों के तुलनात्मक आंकड़े साझा किए। पंजाब में लगभग 94% LPG बुकिंग्स डिजिटल मोड से प्राप्त हो रही हैं, DAC अनुपालन लगभग 91% है। हिमाचल प्रदेश में लगभग 91% बुकिंग्स डिजिटल हैं, जबकि DAC अनुपालन लगभग 85% है, जो वास्तविक उपभोक्ताओं तक वितरण सुनिश्चित करता है।वर्तमान स्थिति में सोशल मीडिया पर कुछ चिंताएँ उठी हैं, और वास्तविक मुद्दों का तत्काल समाधान प्रदान किया जा रहा है। ग्राहकों के लाभ हेतु प्रासंगिक जानकारी व अपडेट आधिकारिक संचार चैनलों के माध्यम से नियमित रूप से साझा किए जा रहे हैं।कुछ LPG वितरकों की शिकायतें सोशल मीडिया व प्रत्यक्ष ग्राहक फीडबैक के माध्यम से प्राप्त हुई हैं। काला बाजारी व जमाखोरी रोकने के लिए चंडीगढ़ यू.टी. भर में LPG वितरकताओं का आकस्मिक निरीक्षण करने हेतु बहु-कार्यात्मक टीमें गठित की गई हैं। दोषपूर्ण वितरकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।इसके अतिरिक्त, LPG वितरकताओं के विभिन्न प्रदर्शन मापदंडों का डेटा विश्लेषण किया जा रहा है, जो लक्षित निरीक्षणों का आधार भी बनेगा। OMCs चंडीगढ़ यू.टी. प्रशासन के साथ निकट समन्वय में कुप्रथाओं को रोकने व भंडारण नियंत्रित करने के लिए कार्यरत हैं, कई प्रवर्तन छापेमारी पहले से ही कर ली गई हैं।ग्राहकों से घबराहटपूर्ण बुकिंग या LPG सिलेंडरों का भंडारण न करने, अफवाहों पर विश्वास न करने, और सटीक जानकारी हेतु केवल आधिकारिक स्रोतों पर निर्भर रहने की सलाह दी गई है। वर्तमान में LPG आपूर्ति सामान्य व स्थिर बनी हुई है, कोई कमी नहीं है। उपभोक्ताओं से LPG वितरकताओं पर अनावश्यक कतार न लगाने का अनुरोध किया गया है, क्योंकि घबरा के बुकिंग करने या जमाखोरी की कोई आवश्यकता नहीं है।मांग का समर्थन करने हेतु, वाणिज्यिक LPG आवंटन को संकट पूर्व स्तरों के लगभग 70% तक बढ़ाया गया है। अतिरिक्त उपायों में प्रवासी मजदूरों व अन्य कमजोर वर्गों का समर्थन करने हेतु 5 किग्रा फ्री ट्रेड LPG (FTL) सिलेंडरों का आवंटन दोगुना करना शामिल है।श्री अशुतोष गुप्ता ने दोहराया कि तेल विपणन कंपनियाँ LPG की सहज उपलब्धता सुनिश्चित करने, वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने, और कालाबाजारी के विरुद्ध कड़े उपाय लागू करने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहरा रही हैं।
अक्षय तृतीया: पुरुषोत्तम दास रुंगटा चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा अन्न भंडारे का आयोजन
पंचकूला। अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर पुरुषोत्तम दास रुंगटा चैरिटेबल ट्रस्ट ने फेज़-I, पंचकूला इंडस्ट्रियल एरिया में अपना 212वां ‘अन्न भंडारा’ आयोजित किया, जो समाज सेवा के प्रति ट्रस्ट की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इस अवसर के महत्व पर प्रकाश डालते हुए ट्रस्ट के संस्थापक एवं समाजसेवी अमिताभ रुंगटा ने कहा, “अक्षय तृतीया के दिन जरूरतमंदों को भोजन कराना इस पर्व को मनाने का सबसे सार्थक तरीका है। ऐसे सेवा कार्य स्थायी पुण्य प्रदान करते हैं और समाज के कल्याण में योगदान देते हैं। अक्षय तृतीया एक पवित्र पर्व है, जो समृद्धि, उदारता और अक्षय शुभता का प्रतीक माना जाता है। इस दिन दान-पुण्य, विशेषकर अन्न दान, अत्यंत फलदायी माना जाता है और इससे स्थायी आशीर्वाद प्राप्त होते हैं।इस अन्न भंडारे में स्वयंसेवकों और स्थानीय लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और बड़ी संख्या में लोगों को ताज़ा भोजन परोसा, जिससे सेवा और परोपकार की भावना को सशक्त रूप से अभिव्यक्त किया गया।
