चंडीगढ़। पेंडू संघर्ष कमेटी चंडीगढ़, यूथ क्लब और गांव खुड्डा अलीशेर निवासियों की ओर से 121वें कुश्ती दंगल का आयोजन किया गया । इस दौरान मुख्य अतिथि के रूप में सांसद मनीष तिवारी, पूर्व सरपंच डॉक्टर हुकम चंद, आम आदमी पार्टी के सह प्रभारी डॉ. एसएस अहलूवालिया ने शिरकत की । इस अवसर पर पंजाब एंड हरियाणा हाई कोर्ट से जस्टिस सुरेश्वर ठाकुर ने दंगल में मौजूद खिलाड़ियों की खूब हौसला अफजाई की । कुश्ती दंगल के दौरान भारी संख्या में पहुंचे लोगों ने भी तालियां बजाकर खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया । वहीं कुश्ती दंगल में बाजी मारते हुए मिराज ईरान विजेता रहे । इस मौके पर कमेटी मेंबर और गांव वासियों ने मेयर कुलदीप कुमार और आम आदमी पार्टी वार्ड नंबर 1 की पार्षद जसविंदर कौर का सराहनीय कार्यों के लिए आभार व्यक्त किया । इस अवसर पर गांव खुड्डा अलीशेर मेंबर जगपाल जग्गा,बाबा दयाल, पंच मग्गी , सिमरन सिम्मी, गोल्डी, और गुरप्रीत मौजूद थे ।
साहित्यकार डॉ.नरेश राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण-2024 अवार्ड से सम्मानित
चंडीगढ़ । श्री राम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट (एसआरएमएस), बरेली ने शहर के साहित्य जगत की जानी-मानी हस्ती डॉ. नरेश को प्रतिष्ठित राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण-2024 पुरस्कार से सम्मानित किया है। बीते कई दशकों से साहित्य और अध्यात्म के क्षेत्र में डॉ. नरेश के अद्वितीय योगदान के मद्देनजर यह सम्मान दिया गया है। यह सम्मान समारोह यूपी के बरेली में ट्रस्ट के ‘श्रद्धांजलि समारोह’ के दौरान डॉ.नरेश को प्रदान किया गया। पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़ में आधुनिक साहित्य के पूर्व प्रोफेसर और चंडीगढ़ साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष डॉ. नरेश एक प्रसिद्ध और नामवर उर्दू कवि हैं, जिनके साहित्य में योगदान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्वीकार किया गया है। उनके पास उर्दू और हिंदी में पोस्टग्रेजुएट डिग्री है और उन्होंने इन दोनों भाषाओं की कविता पर पीएचडी की डिग्री भी हासिल की है। इस सम्मानित अवॉर्ड को प्राप्त करने पर अपने विचार साझा करते हुए डॉ. नरेश ने कहा कि “यह सम्मान, राम मूर्ति प्रतिभा अलंकरण ट्रस्ट की, उन व्यक्तियों को सम्मानित करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, और जो इसके संस्थापक श्री राम मूर्ति जी की भावना और दृष्टि को मूर्त रूप देते हैं। मै काफी खुश हूं कि ट्रस्ट ने मुझे इस सम्मान के लिए चुना । इस सम्मान से मै उत्साहित महसूस कर रहा हूँ। यहां यह उल्लेख करना उचित है कि डॉ. नरेश का साहित्य की दुनिया में सफर 1963 में उनकी पुस्तक ‘ग़म-ए-फ़र्दा’ से शुरू हुआ था, जिसमें उन्होंने भविष्य को लेकर अपने साहित्यक और गंभीर विचार व्यक्त किए थे। तब से उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। बरेली में प्राप्त पुरस्कार के साथ डॉ. नरेश ने अपनी शानदार उपलब्धियों में एक और उपलब्धि जोड़ ली है – इस सम्मान के साथ, अब तक उनके खाते में कुल 43 सम्मान, अवार्ड और पुरस्कार आ चुके हैं। यह उल्लेखनीय है कि डॉ. नरेश को भारत सरकार की ओर से ‘राष्ट्रीय पुरस्कार’ से सम्मानित किया जा चुका है। इसके अलावा उनकी कविता पुस्तक ‘खुशबू का सफर’ के लिए उन्हें अखिल भारतीय मीर एकेडमी अवॉर्ड के साथ-साथ यूपी उर्दू एकेडमी का अवॉर्ड भी मिला। इसके अलावा, उन्हें पंजाब सरकार के ‘शिरोमणि साहित्यकार अवॉर्ड’ से भी सम्मानित किया जा चुका है और हरियाणा सरकार द्वारा उन्हें ‘लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड’ भी दिया जा चुका है। श्री राम मूर्ति स्मारक ट्रस्ट, बरेली की स्थापना वयोवृद्ध स्वतंत्रता सेनानी, पूर्व सांसद, पूर्व मंत्री यूपी और एक परोपकारी व्यक्ति श्री राम मूर्ति की स्मृति में की गई थी।
कल्पवृक्ष कार्यक्रम के तहत पूर्व डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन, डिस्ट्रिक्ट ऑफिसर्स, पूर्व व वर्तमान प्रेसिडेंट को किया गया सम्मानित
चंडीगढ़ । इनरव्हील डिस्ट्रिक्ट 308 ने अपने सामाजिक दायित्व के निर्वाह के 40 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में “कल्प वृक्ष” नामक कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम का संचालन इनरव्हील क्लब चंडीगढ़ सिटी ब्यूटीफुल की प्रेसिडेंट अनीता मिड्ढा के नेतृत्व में, डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन सुजाता आहूजा की मार्गदर्शन में आयोजित हुआ। कार्यक्रम में चंडीगढ़, पंजाब, हरियाणा, और हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड से लगभग 120 इनर व्हील क्लबों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जिनमें पूर्व डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन, डिस्ट्रिक्ट ऑफिसर्स, पास्ट व प्रेजेंट प्रेसिडेंट शामिल थे। कार्यक्रम का शुभारंभ श्रद्धापूर्वक हवन से हुआ। इसके बाद, अनीता मिड्ढा ने अपनी टीम के साथ डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन सुजाता आहूजा को पुष्प गुच्छ भेंट किए। इस अवसर पर, सुजाता आहूजा ने कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य इनरव्हील डिस्ट्रिक्ट 308 के 40 वर्ष पूरे होने का जश्न मनाना था। उन्होंने “कल्पवृक्ष” शब्द के चुनाव के पीछे का तर्क समझाते हुए कहा कि यह नाम इस मजबूत संस्था के प्रति सम्मान प्रकट करता है, जिसे पूर्व और वर्तमान अध्यक्षों ने अपनी मेहनत से सींचा है। उन्होंने कार्यक्रम में इनरव्हील डिस्ट्रिक्ट 308 के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस डिस्ट्रिक्ट ने पिछले चार दशकों में कई सामाजिक परियोजनाओं को सफलतापूर्वक लागू किया है। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य केवल जश्न मनाना नहीं, बल्कि उन उपलब्धियों को भी याद करना है जो समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए की गई हैं। अनीता मिड्ढा ने इस अवसर पर कहा कि हमारे इनरव्हील डिस्ट्रिक्ट 308 का इतिहास प्रेरणादायक है और इसने हमें समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए प्रेरित किया है। हम सभी सदस्यों को एकजुट होकर आगे बढ़ने और जन कल्याणकारी कार्यों में सक्रिय रहने की आवश्यकता है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि विभिन्न राज्यों से आए प्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्र में किए गए सामाजिक कार्यों की जानकारी साझा की और समाज के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया। कार्यक्रम के अंत में विभिन्न प्रकार के मनोरंजक खेल खेले गए, जिसने सभी उपस्थित सदस्यों के बीच उत्साह बढ़ाया। कार्यक्रम के समापन पर 40 वर्ष होने की खुशी में केक काटा गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रीय गान जन गण मन के साथ किया गया।
गायक बी प्राक ने चंडीगढ़ के लोगों से दोबारा जल्द ऐसा कार्यक्रम करवाने का वादा किया
चंडीगढ़ । श्री कृष्ण प्रिया जू संकीर्तन मंडल के तत्वाधान में सेक्टर -34 के मेला ग्राउंड में चल रहा वृन्दावन प्राक्टय उत्सव और श्री मद भागवत कथा का कार्यक्रम धूमधाम से संपन्न हुआ। विश्व विख्यात कथा व्यास परम पूज्य श्री इंद्रेश महाराज ने श्रीमद् भागवत कथा के विश्राम दिवस यानी सातवें दिन कथा वर्णन में वृंदावन का वर्णन करते हुए उद्धव महाराज का वृंदावन के प्रति अपना भाव प्रकट किया। उन्होंने बताया कि उद्धव महाराज ने प्रभु से अगले जन्म में वृंदावन में एक वृक्ष रूप में आने का वर मांगा, क्योंकि ब्रजवासियों के चरण की धूल जब मुझ पौधा रूप पर उड़ कर आएगी, तो मैं उसी में निहाल हो जाऊंगा। उन्होंने बताया कि वृंदावन में आने के लिए देवी देवता भी तरसते है।
इद्रेश महाराज ने 7 दिन की श्रीमद् भागवत कथा के वर्णन रस के जरिए चंडीगढ़ की हवा और समृति में वृंदावन का रस घोल दिया। महाराज ने कहा कि रविवार को कथा का विश्राम दिवस है और मेरा मन यहीं चंडीगढ़ में है। ऐसा लग रहा है जैसे वृंदावन छोड़ कर जा रहा हूं। उन्होंने कहा कि सेक्टर 34 की यह भूमि, जहा कथा हुई और कई पूजनीय संत यहां पधारे है, तो यह सामान्य भूमि नहीं है, यहां गिरिराज की किरपा है। उन्होंने शहरवासियों को कहा कि अब आप लोग जब जब सेक्टर- 34 के पास से गुजरेंगे, तो इस भूमि को नतमस्तक जरूर कीजिएगा। कथा के आखिरी दिन देवी चित्रलेखा, धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री, (जिन्हें बागेश्वर धाम सरकार या महाराज के नाम से भी जाना जाता है), भजन गायक चित्र विचित्र, गुजरात के भारतीय गायक कीर्तिदान गढ़वी ने कार्यक्रम में शिरकत की और अपने भजनों से भगत्तों को निहाल किया। बागेश्वर सरकार ने राधा रस का गायन कर भगत्तों को झूमने पर मजबूर कर दिया। इस विशाल भागवत कथा के आयोजक बालीवुड के प्रसिद्ध गायक बी प्राक और मुनीश बजाज ने कार्यक्रम में आने के लिए चंडीगढ़ के लोगों का धन्यवाद किया और दोबारा जल्द ऐसा कार्यक्रम करवाने का वादा किया। इस कार्यक्रम का संचालन प्रख्यात वक्ता संदीप चुग ने बढ़िया तरीके से किया।
चंडीगढ़ । बजाज ऑटो ने अपनी नई बजाज फ्रीडम बाइक को लॉन्च किया है जो कि दुनिया की पहली सीएनजी बाइक है। दरअसल, ये खबर उन लोगों के लिए खास है जो लोग ऐसी मोटर बाइक खरीदना चाहते हैं जो पर्यावरण के अनुकूल हो और बेजोड़ ईंधन इकोनॉमी यानि तेल पर खर्च को कम करती हो। उनके लिए तो मानो मन की मुराद पूरा होने के समान है। दुनिया के प्रमुख टू-व्हीलर निर्माता बजाज ऑटो की इस नई बाइक बजाज फ्रीडम को टीसी नौटियाल, पर्यावरण विभाग के निदेशक एवं सचिव विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा नवीकरणीय ऊर्जा, चंडीगढ़ प्रशासन , ने इंडस्ट्रियल एरिया, फेज 1 स्थित एनडीएम बजाज में लॉन्च किया। इस अवसर पर बजाज ऑटो लिमिटेड (बीएएल) के मनप्रीत बिंद्रा, रीजनल सेल्स मैनेजर, नावेद मोहसिन, रीजनल सर्विस मैनेजर, अंकुर अग्रवाल, एरिया सेल्स मैनेजर और राहुल गुप्ता, एरिया सर्विस मैनेजर भी मौजूद थे। चंडीगढ़ में बजाज डीलरशिप एनडीएम ऑटोव्हील्स के डायरेक्टर वैभव मेहन और निपुण मेहन भी मौजूद थे। वैभव मेहन ने बताया कि लॉन्च के दिन ही 16 व्हीकल ग्राहकों को डिलीवर किए गए हैं। राकेश शर्मा, एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, बजाज ऑटो लिमिटेड ने कहा कि बजाज फ्रीडम 125 बजाज ऑटो लिमिटेड के रिसर्च और डेवलपमेंट के साथ मैन्युफैक्चरिंग कौशल को दर्शाता है। इनोवेशन के माध्यम से बीएएल ने ईंधन की बढ़ती लागत को कम करने तथा ट्रेवल से पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने की दोहरी चुनौती का समाधान किया है। यह पहल भारत सरकार की सीएनजी नेटवर्क निर्माण के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के साथ भी मजबूती से जुड़ी हुई है, जो क्लीन फ्यूल का उपयोग करने तथा विदेशी मुद्रा बचाने की आवश्यकता से प्रेरित है। 75% से अधिक दो-पहिया व्हीकल ग्राहक ईंधन कुशलता को एक प्रमुख विशेषता मानते हैं। फ्रीडम 125 ऐसे सभी ग्राहकों के लिए है, तथा हम उन्हें ‘राइड द चेंज-परिवर्तन की सवारी’ के लिए आमंत्रित करते हैं।
मोटरसाइकिल समान कैटेगरी की पेट्रोल मोटरसाइकिलों की तुलना में ईंधन पर होने वाले खर्च को काफी हद तक कम करके खर्च में 50% तक की बचत प्रदान करती है। सीएनजी टैंक केवल 2 किलोग्राम सीएनजी ईंधन पर 200 से अधिक किमी की रेंज प्रदान करता है। इसके अतिरिक्त, इसमें 2-लीटर का पेट्रोल टैंक है जो रेंज एक्सटेंडर के रूप में कार्य करता है, जो सीएनजी टैंक खाली होने पर 130 किमी से अधिक की रेंज प्रदान करता है, जिससे आपकी लंबे से लंबा सफर भी काफी आसानी से यकीनी तौर पर पूरा होता है । सीएनजी कम्बूस्टन से पेट्रोल की तुलना में लगभग 26.7% कम सीओ2 एमिशन होता है, जो जलवायु परिवर्तन को कम करने में योगदान देता है। इसके अतिरिक्त, सीएनजी व्हीकल 85% कम एनएमएचसी (गैर-मीथेन हाइड्रोकार्बन) और 43% कम एनओएक्स (नाइट्रोजन ऑक्साइड) निकालते हैं । मोटरसाइकिल बनाने में सबसे बड़ी चुनौती पैकेजिंग है, क्योंकि कारों की तुलना में मोटरसाइकिल की नेचर कॉम्पैक्ट होती है। बजाज फ्रीडम सीएनजी मोटरसाइकिल में एक इंटीग्रेटेड सीएनजी टैंक और किट है जो ट्रेलिस फ्रेम में सुरक्षित रूप से रखा गया है। कड़े परीक्षणों में इसकी सुरक्षा भी प्रमाणित हुई है। एक हॉरिजोंटल तौर पर झुका हुआ इंजन और एक लिंक-मोनो शॉक सिस्टम उपलब्ध स्पेस का बेहतरीन उपयोग करता है और एक स्टेबल सवारी प्रदान करता है। डिज़ाइन में 825 मिमी की एक सटीक काठी की ऊंचाई और आसान ग्राउंड कॉन्टैक्ट के लिए एक नेरो मिड-सेक्शन है। सीएनजी टैंक के बावजूद, स्मार्ट वेट-सेविंग को लेकर किए गए उपाय पेट्रोल मोटरसाइकिलों के समान सेंटर ऑफ ग्रेविटी बनाए रखते हैं, जिससे न्यूट्रल हैंडलिंग और सवार का आत्मविश्वास सुनिश्चित होता है। मोनो-लिंक्ड टाइप सस्पेंशन बेहतर व्हील ट्रैवल और आराम प्रदान करता है, जिससे मोटरसाइकिल विभिन्न सवारी स्थितियों के लिए बेहद शानदार बन जाती है।
मोहाली- गिलको इंटरनेशनल स्कूल ने हाल ही में आयकर विभाग, मोहाली के साथ मिलकर एक विशेष वृक्षारोपण कार्यक्रम “एक पेड़ मां के नाम” का आयोजन किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य शहरों में हरियाली को बढ़ावा देना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना था। छात्रों को इस कार्यक्रम के दौरान समझाया गया कि पेड़ जलवायु परिवर्तन से लड़ने, हवा को शुद्ध करने और जैव विविधता को बनाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम में आयकर विभाग के कई महत्वपूर्ण अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें डॉ. तरुणदीप कौर, अतिरिक्त आयकर आयुक्त, और डॉ. महिंदर सिंह, उप आयकर आयुक्त, शामिल थे। इनकी उपस्थिति से सरकार की पर्यावरण सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता जाहिर हुई। अधिकारियों ने छात्रों के साथ संवाद करते हुए पेड़ों के महत्व पर प्रकाश डाला और उन्हें हरियाली बढ़ाने के लिए प्रेरित किया। छात्रों, शिक्षकों और आयकर विभाग के अधिकारियों ने मिलकर स्कूल परिसर में कई पौधे लगाए। यह कार्यक्रम सिर्फ एक वृक्षारोपण तक सीमित नहीं था, बल्कि एक महत्वपूर्ण शैक्षिक पहल थी, जिसमें छात्रों ने पेड़ों की उपयोगिता और पर्यावरण की रक्षा के महत्व को गहराई से समझा। कार्यक्रम के समापन पर सभी ने मिलकर यह संकल्प लिया कि वे इन पौधों की देखभाल करेंगे और अपने समुदाय में पर्यावरण के प्रति जागरूकता फैलाने का काम करेंगे। इस आयोजन की सफलता ने यह साबित किया कि जब स्कूल और सरकारी विभाग मिलकर काम करते हैं, तो बड़े बदलाव लाए जा सकते हैं। गिलको इंटरनेशनल स्कूल की प्रिंसिपल, डॉ. कृतिका कौशल ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही हम एक हरित और टिकाऊ भविष्य की ओर कदम बढ़ा सकते हैं। हमारा स्कूल इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन आगे भी करता रहेगा, ताकि पर्यावरण संरक्षण की भावना मजबूत हो सके। वृक्षारोपण कार्यक्रम ने दिखाया कि कैसे छोटे-छोटे प्रयास बड़े बदलाव का मार्ग प्रशस्त कर सकते हैं, और यह पहल हमारे भविष्य को सुरक्षित और हरा-भरा बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
पंचकूला । रत्नादेवी रूंगटा और उनके दो बेटे संजय कुमार रूंगटा और अमिताभ कुमार रूंगटा दोनों ही जाने-माने समाजसेवी विशाल दशहरा महोत्सव’ में मुख्य अतिथि होंगे। दशहरा महोत्सव का आयोजन श्री माता मनसा देवी चैरिटेबल एंड डेवलपमेंट ट्रस्ट,दशहरा कमेटी, पंचकूला और आदर्श रामलीला एंड ड्रामेटिक क्लब, पंचकूला द्वारा संयुक्त रूप से किया जा रहा है। दशहरा कार्यक्रम 12 अक्टूबर, 2024 को शालीमार ग्राउंड, सेक्टर 5, पंचकूला में आयोजित किया जाएगा। जबकि संजय कुमार रूंगटा पुरुषोत्तम दास रूंगटा चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष हैं, अमिताभ रूंगटा श्री श्याम करुणा फाउंडेशन के संस्थापक हैं। अमिताभ रूंगटा पिछले कई वर्षों से साप्ताहिक भंडारा आयोजित करते आ रहे हैं, इसके अलावा वे नियमित रूप से कई परोपकारी कार्य भी करते हैं । उन्हें और उनके परिवार के सदस्यों को इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किए जाने पर टिप्पणी करते हुए अमिताभ रूंगटा ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस शुभ अवसर पर हमारे परिवार के सदस्यों को मुख्य अतिथियों के रूप में आमंत्रित किया जाना बहुत बड़ा सम्मान है । रूंगटा परिवार के सदस्य कई सामाजिक रूप से लाभकारी गतिविधियों का आयोजन करते रहे हैं। मेरा मानना है कि दशहरा बुराई पर अच्छाई की जीत का एक शक्तिशाली अनुस्मारक है।दशहरा का त्यौहार हमें अपने जीवन में प्रेम, अखंडता और एकता के मूल्यों को बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित करता है। ‘विशाल दशहरा महोत्सव’ सांस्कृतिक प्रदर्शनों और सामुदायिक जुड़ाव की एक आकर्षक श्रृंखला का वादा करता है । यह निश्चित रूप से परिवारों के लिए एक साथ आने और त्योहार की भावना का जश्न मनाने का एक आदर्श अवसर होगा।
प्रयोग फाउंडेशन ने खटौली स्कूल में किया जागरूकता कार्यक्रम
पंचकूला। दांतों की संभाल करने में ब्रश की भूमिका सबसे अहम होती है। एक सामान्य उम्र के बच्चे को तीन से चार माह के बाद अपना ब्रश बदल लेना चाहिए। उक्त विचार प्रयोग फाउंडेशन द्वारा फायर अवेयरनेस एंड सेफ्टी एसोसिएशन के सहयोग से चलाए जा रहे प्रोजेक्ट आप्रेशन दंत रक्षक के तहत पंचकूला जिला के अंतर्गत आते सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल खटौली में आयोजित दंत जागरूकता कार्यक्रम के दौरान इंडियन डेंटल एसोसिएशन मोहाली की अध्यक्ष एवं प्रसिद्ध दंत रोग विशेषज्ञ डॉ.रोमिका वढेरा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि दांतों की बीमारी छह साल से 60 साल की उम्र में कभी भी हो सकती है। दांतों की देखभाल में ब्रश करने का तरीका सबसे अहम होता है। इसके लिए ज्यादातर बच्चों में जागरूकता का अभाव रहता है। सही तरीके से अगर ब्रश किया जाए तो दांतों की उम्र बढ़ती है। रूमिका वढेरा ने बच्चों को दांतों की रक्षा के लिए शपथ भी दिलवाई। इस अवसर पर बोलते हुए दंत चिकित्सक डॉ.कविता शर्मा ने बच्चों को ब्रश करने के सही तरीके के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बच्चों को जंक फूड तथा चिप्स आदि से दूर रहने की सलाह देते हुए कहा कि आजतक मोबाइल पर गेम खेलते समय बच्चे अक्सर दांत पीसते हैं यह एक मानसिक रोग होने के साथ-साथ दांतों की बीमारियों को भी न्यौता देता है। इस अवसर पर फायर अवेयरनेस एंड सेफ्टी एसोसिएशन के संस्थापक जसजोत सिंह अलमस्त तथा पूर्व मुख्य अभियंता (मरीन) एवं महानिदेशक शिपिंग जसजीत सूरी द्वारा बच्चों को आपात स्थिति में होने वाली आगजनी की घटनाओं से बचाव के बारे में भी जागरूक किया गया। इस अवसर पर बोलते हुए प्रयोग फाउंडेशन के अध्यक्ष संजीव शर्मा ने कहा कि संस्था द्वारा पंचकूला जिले के गांवों में जागरूकता तथा दांतों की जांच के लिए आयोजित किए गए शिविरों के माध्यम से दस हजार से अधिक लोग लाभान्वित हो चुके हैं। इस अवसर पर स्कूल प्रिंसीपल शीला तथा संयोजिका भावना अरोड़ा ने कहा कि इस तरह के आयोजन से बच्चों को शैक्षणिक ज्ञान के साथ-साथ बौद्धिक व सामाजिक ज्ञान भी मिलता है। इस अवसर पर प्रयोग फाउंडेशन की तरफ से प्रोजेक्ट इंचार्ज शिवांगी बंसल, बोर्ड सदस्या एवं प्रसिद्ध लेखिका सीमा गुप्ता, उपाध्यक्ष नवनीत शर्मा, अध्यापक एवं समाज सेवी पंकज वालिया समेत कई गणमान्य मौजूद थे।
चंडीगढ़ । चंडीगढ़ पोलो एसोसिएशन , देशव्यापी पोलो गर्वनिंग बाडी इंडियन पोलो एसोसिएशन के अधीन एक से सात दिसंबर तक और 30 मार्च से 5 अप्रैल तक आईपीए के दो आधिकारिक सीजन की मेजबानी करेगा। खुड्डा लहौरा, खुड्डा अलीशेर स्थित चंडीगढ़ पोलो क्लब में लगभग इंटरनेशनल एक्सपोजर वाली कई नेशनल टीमें इन आयोजनों में भाग लेंगीं। शुक्रवार को चंडीगढ़ प्रेस क्लब में आयोजित एक प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुये चंडीगढ़ पोलो एसोसिएशन के अध्यक्ष दिलप्रीत सिंह सिद्धू ने बताया कि आईपीए ने चंडीगढ़ को पोलो डेस्टिनेशन बनाने के लिए इस वर्ष चंडीगढ़ पोलो क्लब को 2024 में मान्यता दी। पोलो खेल भारत में 1956 से बैंगलोर, चैन्नई, हैदराबाद, मुम्बई, दिल्ली, जयपुर, जोधपुर सहित विभिन्न शहरों में खेला जाता हैं। इन शहरों पर पोलो टूर्नामेंट को नेशनल स्तर पर आईपीए द्वारा मान्यता प्राप्त है। अब इन आयोजनों से चंडीगढ़ को पोलो डेस्टिनेशन के रुप में भी पहचान मिलेगी। सिद्धू ने बताया कि इन आयोजनों में देश के कोने कोने से पांच डिफेंस टीमें जिनमें 61 कैवेलरी, आर्टिलरी, एएससी, आरवीएस, नेवी पोलो , भाग लेंगीं। इसके अलावा इंटरनेशनल एक्सपोजर वाली अन्य प्रतिष्ठित नेशनल टीमें महाराजा रणजीत सिंह एरिना पोलो ट्रॉफी के लिये जोरआजमाईश करेंगीं। एसोसिएशन के सचिव कर्नल मनोज दीवान नें बताया कि चंडीगढ़ पोलो क्लब की स्थापना वर्ष 2020-21 में हुई थी और तब से विश्वस्तरीय मूलभूत ढ़ांचों के साथ क्लब और इस खेल ने चंडीगढ़ में उल्लेखनीय प्रगति हासिल की है। जनवरी 2023 में जी20 शिखर सम्मेलन के दौरान 35 देशों के प्रतिनिधि चंडीगढ़ आये और पोलो क्लब द्वारा आयोजित एक मेगा एग्जीबिशन ऐरिना पोलो मैच देखने के लिये आईआरबी परिसर में जी20 प्रतिनिधियों की मेजबानी की । इसके बाद, फरवरी 2023 में सीपीसी ने आईआरबी कैंपस में चंडीगढ़ पुलिस के सहयोग से दो प्रमुख एरिना पोलो टूर्नामेंट का आयोजन किया था। इन आयोजनों का नेतृत्व चंडीगढ़ पोलो क्लब के प्रोमोटरों / शहर के पोलो प्लेयर्स और चंडीगढ़ पुलिस डीजीपी के बीच किया गया था। खेल के फारमेट पर प्रकाश डालते हुये एग्जीक्यूटिव मेंबर दीपक वालिया ने बताया कि क्लब ऐरिना पोलो के लिये वर्ल्ड स्टैंडर्ड की सुविधा प्रदान करता है। यह पोलो का एक छोटा फारमेट है जो खेल की समझ और पहुंच को दर्शकों तक बढ़ाता है। ऐरिना पोलो दर्शकों के लिये अधिक अनुकूल, समझने में आसान और युवाओं के लिये इसमें प्रवेश करने के लिये अधिक सुरक्षित साबित हुआ है। इस गेम में तीन सदस्यीय टीमें हैं जो एक छोटे बोर्ड वाले मैदान में खेलती हैं। इसमें खेलने के लिये कम पोलो घोड़ों की जरुरत होती है। कुल मिलाकर यह देश में नये दर्शकों और खिलाड़ियों के लिये अधिक आर्कषक और सुलभ है। दिसंबर 2024 में ऐरिना पोलो सीजन के दौरान स्पेशल लेडीज पोलो मैच का भी आयोजन किया जायेगा। पोलो एक यूनिसेक्स खेल होने के कारण दोनों वर्गो के संयोजन की स्वतंत्रता प्रदान करता है। इस आयोजन में देश भर के युवा पोलो खिलाड़ियों को भी आमंत्रित किया गया है जिसके लिये अंडर 21 का भी टूर्नामेंट करवाया जायेगा। इस अवसर पर संयुक्त सचिव महताब सिंह गिल, कोर मेंबर सिया चावला, कोषाध्यक्ष नवजीत संधू, एग्जीक्यूटिव मेंबर ब्रिगेडियर संदीप सिंह कश्यप सहित अन्य मेंबर्स भी शामिल हुए ।
चंडीगढ़। लीगल एड सोसाइटी, यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ लीगल स्टडीज, पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़ ने राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सहयोग से बीते दिन सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक धर्मशाला-सह-आंगनवाड़ी, खुड्डा लाहौरा में जन सुनवाई शिविर का आयोजन किया। आधार कार्ड, लेबर कार्ड, राशन कार्ड, आयुष्मान कार्ड, मुफ्त कानूनी सहायता और पेंशन मामलों के संबंध में विभिन्न सेवाएं और सुविधाएं प्रदान की गईं। शिविर में लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और 400 से अधिक पंजीकरण प्राप्त हुए, जिसमें कानूनी सहायता सदस्यों ने अपने प्रश्नों का समाधान किया। 40 से अधिक आधार कार्ड अपडेट करने के साथ-साथ नए कार्ड जारी करने, 35 श्रमिक कार्ड, 30 आयुष्मान कार्ड, पेंशन मामलों से संबंधित 45 प्रश्नों और केवाईसी राशन कार्ड में 260 से अधिक अपडेट का समाधान किया गया। कानूनी सहायता के बारे में अधिक जागरूकता को बढ़ावा देने के शिविर में सुरेन्द्र कुमार, एडीजे सह सदस्य सचिव, राज्य कानूनी सेवा प्राधिकरण और सुनील कुमार, सीजेएम सह सचिव, जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण द्वारा भी सहायता प्रदान की गई। खुड्डा लाहौरा की एमसी जसविंदर कौर ने भी लोगों के विभिन्न प्रश्नों के उत्तर दिए ।