चंडीगढ़। गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल (जीएमएसएसएस), धनास में बुधवार को वर्ल्ड स्कूल मिल्क डे कार्यक्रम मनाया गया। इस कार्यक्रम में लगभग 600 स्कूली छात्रों के अलावा चंडीगढ़ स्थित वेरका प्लांट की महाप्रबंधक रेणु धर, युवसत्ता-एनजीओ के संस्थापक प्रमोद शर्मा और स्कूल की प्रिंसिपल सीमा रानी ने भाग लिया। इस कार्यक्रम का आयोजन स्कूल के इको क्लब द्वारा वेरका चंडीगढ़ के सहयोग से किया गया था। कार्यक्रम की जानकारी देते हुए तथा अतिथियों का स्वागत करते हुए स्कूल के इको क्लब प्रभारी रमेश कुमार ने बताया कि वर्ल्ड स्कूल मिल्क डे की शुरुआत वर्ष 2000 में स्कूल मिल्क कार्यक्रमों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए की गई थी तथा यह प्रत्येक वर्ष सितंबर माह के अंतिम बुधवार को मनाया जाता है।
उन्होंने कहा कि हर साल दुनिया भर के कई देशों में कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। उन्होंने इस महत्वपूर्ण दिन को उचित तरीके से आयोजित करने में अपने ग्रामीण स्कूल का समर्थन करने के लिए वेरका को धन्यवाद दिया। युवसत्ता के संस्थापक प्रमोद शर्मा ने कहा कि प्रत्येक वर्ष वर्ल्ड स्कूल मिल्क डे के अवसर पर दुनिया भर में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाती हैं। कुपोषण को समाप्त करना और स्वस्थ भोजन को सुलभ बनाना संयुक्त राष्ट्र सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी 2 – जीरो हंगर) का एक महत्वपूर्ण कंपोनेंट है। विद्यार्थियों से बातचीत करते हुए स्कूल की प्रिंसिपल सीमा रानी ने कहा कि पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने के सबसे महत्वपूर्ण तरीकों में से एक के रूप में, स्कूल भोजन कार्यक्रम कुपोषण से लड़ने में मदद करते हैं। भोजन में प्रायः दूध और डेयरी जैसे पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थ शामिल होते हैं, तथा ये भुखमरी, कुपोषण, स्कूल और शिक्षा तक पहुंच तथा गरीबी उन्मूलन के लिए आवश्यक होते हैं। उन्होंने कहा कि हमारे अनुभव से पता चला है कि स्कूल भोजन कार्यक्रम इन कार्यक्रमों से लाभान्वित होने वाले बच्चों के पोषण और शैक्षणिक प्रदर्शन को बेहतर बनाने में कितने प्रभावी हैं। इस अवसर पर छोटे बच्चों के लिए दूध के सेवन और स्वस्थ जीवन शैली के महत्व पर इंटरा-स्कूल पोस्टर मेकिंग और भाषण प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं। अंत में, विजेताओं को उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों द्वारा सुंदर ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया। वेरका, चंडीगढ़ ने सभी स्कूली छात्रों को वेरका लस्सी और मीठा फ्लेवर्ड मिल्क भी उपलब्ध कराया।
जीएमएसएसएस, धनास में मनाया गया वर्ल्ड स्कूल मिल्क डे, छात्रों के लिए आयोजित की गईं प्रतियोगिताएं
राष्ट्र निर्माण के लिए युवाओं को तैयार करने में एनएसएस की भूमिका पर दिया गया जोर
एसडी कॉलेज में मनाया गया एनएसएस फाउंडेशन डे, अर्पित दुबे को मिला सम्मान
चंडीगढ़। सेक्टर-32 स्थित गोस्वामी गणेश दत्त सनातन धर्म कॉलेज में एनएसएस फाउंडेशन डे मनाया गया। समारोह का आयोजन कॉलेज की एनएसएस यूनिट ने किया था। समारोह में एनएसएस स्वयंसेवकों द्वारा वर्ष भर की गई विभिन्न सामाजिक सेवा गतिविधियों का समापन हुआ। केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्रालय की सचिव मीता राजीव लोचन समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद थीं। उन्होंने राष्ट्र निर्माण के लिए सामाजिक रूप से जिम्मेदार और सक्रिय युवाओं को तैयार करने में एनएसएस की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने सामुदायिक सेवा के महत्व पर प्रकाश डाला और स्वयंसेवकों से आग्रह किया कि वे जुनून और समर्पण के साथ सामाजिक कार्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जारी रखें। उन्होंने जीजीडीएसडी कॉलेज की एनएसएस यूनिट की पहल और समाज में योगदान के लिए भी प्रशंसा की। उन्होंने बताया कि राष्ट्र निर्माण के प्रयासों में युवाओं की भागीदारी का काफी महत्व है और बताया कि कैसे माई भारत पोर्टल छात्रों को सीवी बनाने और सामाजिक कार्यों में योगदान करते हुए नौकरी के अवसरों से जुड़ने के अवसर प्रदान करता है। उन्होंने सभी स्वयंसेवकों को पोर्टल पर पंजीकरण करने के लिए प्रोत्साहित किया तथा कहा कि यह युवाओं के लिए राष्ट्र निर्माण में शामिल होने तथा सेवा के माध्यम से अपने क्षितिज को व्यापक बनाने के लिए एक मूल्यवान मंच है। इस कार्यक्रम में चंडीगढ़ के एनएसएस सेल के राज्य संपर्क अधिकारी डॉ. नेमी चंद भी उपस्थित थे, जिन्होंने एनएसएस स्वयंसेवकों के प्रयासों की सराहना की और इस बारे में बहुमूल्य जानकारी साझा की कि कैसे युवा सामाजिक जिम्मेदारी के माध्यम से बदलाव ला सकते हैं। समारोह में विभिन्न सामुदायिक सेवा परियोजनाओं को प्रदर्शित करते हुए एनएसएस स्वयंसेवकों के उल्लेखनीय योगदान पर प्रकाश डाला गया, जिन्होंने समाज पर सार्थक प्रभाव डाला है।

इस समारोह में अर्पित दुबे को भी सम्मानित किया गया, जिन्हें सामाजिक कार्यों के प्रति उनकी उत्कृष्ट प्रतिबद्धता के लिए सर्वश्रेष्ठ एनएसएस स्वयंसेवक का यूनिवर्सिटी स्तर का पुरस्कार मिला। कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. अजय शर्मा ने कम्युनिटी वेलफेयर के प्रति समर्पण के लिए एनएसएस यूनिट की सराहना की तथा विद्यार्थियों को सामाजिक परिवर्तन लाने के लिए अपने प्रयासों में उदाहरण प्रस्तुत करते रहने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि हमारे एनएसएस स्वयंसेवकों द्वारा प्रदर्शित प्रतिबद्धता और उत्साह वास्तव में सराहनीय है। डॉ. शर्मा ने कहा कि अपनी निस्वार्थ सेवा के माध्यम से, वे न केवल समाज की बेहतरी में योगदान दे रहे हैं, बल्कि जिम्मेदार नागरिक भी बन रहे हैं जो भविष्य का नेतृत्व करेंगे। समारोह में एनएसएस स्वयंसेवकों के कार्यों को प्रदर्शित करने वाली अनेक गतिविधियां शामिल थीं, जिनमें एनएसएस यूनिट द्वारा कार्यान्वित विभिन्न सामुदायिक परियोजनाओं पर एक विशेष प्रदर्शनी भी शामिल थी। प्रोग्राम आफिसर्स डॉ. ज्योति कटारिया और वरिंदर कुमार ने स्वयंसेवकों के अथक प्रयासों की प्रशंसा की तथा कहा कि उनकी लगन और कड़ी मेहनत एनएसएस पहल की सफलता में सहायक रही है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि छात्रों की प्रतिबद्धता और जुनून एनएसएस पहल की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। समारोह के दौरान छात्रों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम भी पेश किया जिसे सभी ने पसंद किया। समारोह का समापन सभी स्वयंसेवकों, अतिथियों और उपस्थित लोगों के प्रति धन्यवाद प्रस्ताव के साथ हुआ।
पितरों का श्राद्ध करने वाले व्यक्ति को इच्छित फल की प्राप्ति होती है : कथा व्यास सुरेश शास्त्री
साप्ताहिक श्रीमद्भागवत कथा-पितृ मोक्ष महायज्ञ आयोजित
चंडीगढ़ । अपने पितरों का श्राद्ध करने वाले व्यक्ति को इच्छित फल की प्राप्ति होती है। यह प्रवचन गौ भक्ति जनकल्याण सेवा समिति, चंडीगढ़ द्वारा सेक्टर 37 स्थित श्री सनातन धर्म मंदिर धर्मशाला में आयोजित 11वां साप्ताहिक श्रीमद्भागवत कथा-पितृ मोक्ष महायज्ञ के विराम दिवस पर कथा व्यास सुरेश शास्त्री ने उपस्थित श्रद्धालुओं से कहे। उन्होंने बताया कि जिंदगी में सफलता के लिए मेहनत, ईश्वरीय कृपा के साथ-साथ पितरों का आशीर्वाद भी बेहद जरूरी होता है और पितरों को सम्मान देने से वह प्रसन्न होते हैं तथा पूरे परिवार पर अपनी कृपा बरसाते हैं, इसीलिए दिवंगत परिजनों की आत्मा की शांति के लिए पितृ पक्ष में तर्पण-श्राद्ध किया जाता है। कथा व्यास ने श्रीकृष्ण व सुदामा का प्रसंग श्रद्धालुओं को श्रवण करवाते हुए यह संदेश दिया कि भगवान की शरण में निष्काम भाव के साथ जाना चाहिए। इस अवसर पर श्रीकृष्ण व सुदामा की जीवंत झांकी ने श्रद्धालुओं को भाव विभोर किया। कथा के दौरान कथा व्यास ने कर्णप्रिय भजनों से श्रद्धालुओं का समां बांधा। श्रद्धालुओं ने भगवान के भजनों पर नृत्य किया और भगवान के जयकारे लगाए। इस अवसर पर विधि विधान से हवन किया गया। श्रीमद्भागवत् महापुराण का अंतिम श्लोक सभी भक्तों के द्वारा बुलवाकर पूर्णाहुति दी गई, जिसके बाद महाआरती की गई। तद्पश्चात विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आयोजकों द्वारा सनातन धर्म मन्दिर, सेक्टर 37 के कार्यकारिणी सदस्यों और शहर की विभिन्न संकीर्तन मंडलियों के पूर्ण सहयोग के लिए उनका आभार जताया।
भारत में हर मिनट चार लोग दिल के दौरे से मरते हैं : डॉ. हरिंदर सिंह बेदी
वर्ल्ड हार्ट डे पर रन फॉर हार्ट हेल्थ का आयोजन 29 सितंबर को
चंडीगढ़ । भारत सहित दुनिया भर में स्वास्थ्य संबंधी मुद्दों के गंभीर होने के मद्देनजर, पार्क ग्रेशियन हॉस्पिटल द्वारा रविवार 29 सितंबर को मोहाली में 5 किलोमीटर लंबी ‘रन फॉर हार्ट हेल्थ’ का आयोजन किया जाएगा, जिसे विश्व हृदय दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। डॉ. हरिंदर सिंह बेदी, डायरेक्टर, कार्डियक साइंसेज, पार्क ग्रेशियन अस्पताल, मोहाली और डॉ. नीरज भार्गव, लैब डायरेक्टर एंड एडीशनल मेडिकल सुप्रीटेंडेंट, पार्क ग्रेशियन हॉस्पिटल ने विश्व हृदय दिवस के अवसर पर आयोजित की जा रही इस उपयोगी आयोजन को लेकर हर डिटेल साझा करने के लिए चंडीगढ़ प्रेस क्लब में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। प्रेस कांफ्रेंस के दौरान रन का एक पोस्टर भी लांच किया गया ।
डॉ. बेदी ने कहा कि इस रन का उद्देश्य हृदय रोगों, विशेष रूप से उनकी रोकथाम के बारे में जागरूकता पैदा करना है। लोगों को यह जानना चाहिए कि शारीरिक गतिविधियां हमारे दिल को स्वस्थ रखने में कैसे मदद करती हैं। अच्छे हार्ट हेल्थ के लिए, व्यक्ति को तनाव और रक्तचाप को नियंत्रित करने, एक आइडियल वजन बनाए रखने, संतुलित आहार लेने और नियमित योग करने की आवश्यकता होती है। यह आयोजन ‘यूज हार्ट फॉर एक्शन’ की थीम के अनुरूप है, जो लोगों को अपने दिल की देखभाल करने और हृदय संबंधी स्वास्थ्य को गंभीरता से लेने में सहायता करता है। डॉ. बेदी ने कहा कि यह दौड़ मुख्य रूप से युवा भारतीयों में हृदय स्वास्थ्य से संबंधित चिंताजनक स्थिति के कारण महत्वपूर्ण है। भारत में हर मिनट चार लोग दिल के दौरे से मरते हैं और प्रभावित होने वाले आयु वर्ग आमतौर पर 30 से 50 वर्ष के होते हैं। यह वास्तव में दुर्भाग्यपूर्ण है कि ग्लोबल बर्डन ऑफ डिजीज स्टडी के अनुसार, भारत में दिल के दौरे से होने वाली 25 प्रतिशत मौतें 40 वर्ष से कम उम्र के लोगों में होती हैं


दौड़ के मार्ग के बारे में बताते हुए अशोक बेदवाल सीईओ पार्क ग्रेशियन हॉस्पिटल ने कहा कि 5 किलोमीटर की दौड़ मोहाली के सेक्टर 69 स्थित पार्क ग्रेशियन अस्पताल से सुबह 5.30 बजे शुरू होगी। प्रतिभागी डीबीयू चौक से यू-टर्न लेंगे और सुबह 8.30 बजे तक अपने आरंभिक स्थान – पार्क ग्रेशियन अस्पताल, मोहाली में दौड़ पूरी करेंगे। इस दौड़ में ट्राइसिटी के करीब 700 प्रतिष्ठित नागरिकों, डॉक्टरों, महिलाओं, बच्चों और स्वास्थ्य के प्रति उत्साही लोगों के भाग लेने की उम्मीद है। बेदी ने बताया कि दौड़ को मुख्य अतिथि मेजर जनरल मैथ्यूज जैकब, वीएसएम, कमांडेंट, कमांड अस्पताल पश्चिमी कमान, चंडीमंदिर,डिप्टी कमिश्नर, मोहाली, आशिका जैन (आईएएस), दीपक पारीक (आईपीएस), एसएसपी, मोहाली और अन्य द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा।
श्री श्याम परिवार ट्रस्ट ने करवाया भव्य कीर्तन, श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़
पंचकूला। मानव सेवा को समर्पित श्री श्याम परिवार ट्रस्ट मानवता के स्वास्थ्य के उपचार के साथ-साथ धर्म प्रचार प्रसार में भी अग्रणी रहता है, श्री श्याम परिवार ट्रस्ट पंचकूला सेक्टर 14 एससीओ 133 की तरफ से बाबा श्री खाटू श्याम का संकीर्तन का आयोजन करवाया गया। इस अवसर पर समाज सेवी बाबू बृजलाल, समाजसेवी कैलाश मित्तल ने ज्योति प्रचंड कर कीर्तन का आगाज किया। भव्य कीर्तन में अंतरराष्ट्रीय प्रसिद्ध एवं लोकप्रिय गायिका सुषमा शर्मा, राष्ट्रीय कवि संगम के उत्तर प्रभारी डॉक्टर सुरेंद्र सिंगला,प्रसिद्ध गायक सौरभ अत्री, प्रदीप योगी, सविता सावी के अलावा अन्य श्याम प्रेमियों ने अपने भजनों से बाबा श्री खाटू श्याम के चरणो में हाजिरी लगाकर, बाबा को रिझाने का परियास किया। ट्रस्ट के सेवादार प्रदीप गर्ग ने बताया कि उनका उद्देश्य है कि समाज में मानव के स्वास्थ्य सेवा के साथ-साथ धार्मिक जागृति का आना भी बहुत आवश्यक है इसी उद्देश्य पूर्ति हेतु श्री श्याम परिवार ट्रस्ट की तरफ से समय समय पर भजन कीर्तन संध्या का आयोजन करवाया जाता रहा है । उन्होंने बताया कि श्री श्याम परिवार ट्रस्ट में 11 रुपए की ओपीडी एवं 11 रुपए में एक दिन की दवाई मरीज को उपलब्ध करवाई जाती है , इसके अलावा यहां पर खून से संबंधित सभी जांच, एक्स-रे, दांतों से संबंधित रोगों के लिए मुंह के एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, नवजात बच्चों की वैक्सीनेशन ,बाजार से बहुत कम दरों में किए जाते हैं ताकि कोई पैसों के अभाव में इलाज से वंचित न रहे।
कथाकार सौमित्र बैनर्जी ने छात्रों को बताई कहानी कहने की कला
चंडीगढ़। सेक्टर-32 स्थित गोस्वामी गणेश दत्त सनातन धर्म कॉलेज के रीडर्स क्लब ने अपने ऑथर स्पॉटलाइट सीरीज़ के दूसरे संस्करण का आयोजन किया जिसमें कथाकार सौमित्र बैनर्जी मुख्य वक्ता के रूप में शामिल हुए। इस कार्यक्रम ने छात्रों और शिक्षकों को आकर्षित किया, जिससे विचारों के आदान-प्रदान और कहानी कहने की कला की खोज के लिए एक समृद्ध मंच तैयार हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत बलप्रीत द्वारा दिए गए स्वागत भाषण से हुई जिसमें उन्होंने लेखक सौमित्र बैनर्जी का परिचय देने के साथ उनके प्रभावशाली वैश्विक अनुभव और उनकी कहानी कहने की क्षमता पर प्रकाश डाला। उद्घाटन भाषण में डीन आर्ट्स डॉ. आशुतोष शर्मा ने रीडर्स क्लब की सराहना की और सांस्कृतिक समझ तथा व्यक्तिगत विकास को आकार देने में कहानी कहने की शक्ति पर जोर दिया।

इसके बाद सौमित्र बैनर्जी ने मुख्य भाषण दिया। पेशेवर परामर्श और कॉर्पोरेट नेतृत्व में दो दशकों से अधिक के अनुभव से लाभ उठाते हुए, बैनर्जी ने अपनी अंतर्दृष्टि साझा करते हुए बताया कि “लोगों के कहानीकार” का एक व्यक्तित्व होता है , जो लोगों की कहानियों को सुनता है , समझता है और लोगों तक पहुँचाता है। उन्होंने विशेष रूप से भारत के उभरते सामाजिक-राजनीतिक और सांस्कृतिक परिदृश्य के संदर्भ में कहानियों की परिवर्तनकारी शक्ति को उजागर किया । बैनर्जी ने भारत में माइग्रेशन के महत्व पर भी प्रकाश डाला तथा देश के विभिन्न क्षेत्रों के तीन परिवारों की कहानियां सुनाईं। उन्होंने भारत को एक साथ बांधने में माइग्रेशन की भूमिका पर जोर दिया और श्रोताओं को जाति, पंथ और धर्म के विभाजन से ऊपर उठने के लिए प्रोत्साहित किया। “लिमिनल टाइड्स” नामक किताब पर आधारित गतिविधि में, बैनर्जी ने छात्रों से कई प्रश्न पूछे, और सबसे व्यावहारिक प्रतिक्रियाओं के लिए सात पुरस्कार प्रदान किए। उन्होंने भारत के विभाजन के बारे में अपनी पुस्तक के कथानक को भी विस्तार से बताया और कोलोनियल पीरियड में गहरी अंतर्दृष्टि प्राप्त करने के लिए प्रमुख कार्यों की सलाह दी। प्रश्नोत्तर सत्र के दौरान, उपस्थित छात्रों व अध्यापकों ने ज्ञानवर्धक ने प्रश्न पूछे, जिससे बैनर्जी को अपने कहानी कहने के अनुभवों का विस्तार करने का मौका मिला। भारत के विभिन्न हिस्सों के लोगों के साथ बातचीत के उनके किस्सों ने दर्शकों को भारतीय समाज के बारे में गहरी जानकारी दी। कार्यक्रम का समापन संयोजक डॉ. गुरप्रीत सिंह के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिन्होंने सौमित्र बैनर्जी को उनके समृद्ध योगदान के लिए और इस आयोजन को सफल बनाने वाले सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।

पंजाब सरकार व पीएसईआरसी ने शुरू की औद्योगिक उपभोक्ताओं के लिए ओटीसी योजना
बकाया बिलों की अदायगी से सरकार को मिलेगा राजस्व, खत्म होंगे अदालती मामले
चंडीगढ़। पंजाब स्टेट इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन औद्योगिक उपभोक्ताओं के लिए एकमुश्त निपटान (ओटीएस) योजना शुरू किए जाने का पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री ने स्वागत किया है। पीएचडीसीसीआई के पंजाब स्टेट चैप्टर के चेयरमैन आरएस सचदेवा ने सप्लाई कोड-2014 के रेगुलेशन 47 के तहत जारी आदेश के बाद कहा कि यह ओटीएस योजना पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) द्वारा कमर्शियल सर्कुलर जारी करने की तारीख से तीन महीने की अवधि के लिए उपलब्ध होगी। उन्होंने बताया कि पीएचडीसीसीआई ने 31 जुलाई 2024 को एक ज्ञापन देकर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान से मुलाकात की थी और योजना के लाभों पर प्रकाश डाला था। उन्होंने अधिकारियों द्वारा की गई त्वरित कार्रवाई पर संतोष व्यक्त किया और माना कि यह पहल पंजाब के आर्थिक पुनरोद्धार में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
जिला न्यायालय से लेकर सर्वोच्च न्यायालय तक उद्योग और पीएसपीसीएल के बीच मुकदमेबाजी के मामले समाप्त हो जाएंगे और उद्योग को अब राहत मिलेगी। पीएचडीसीसीआई पंजाब चेप्टर के को-चेयर करण गिल्होत्रा ने पंजाब राज्य विद्युत नियामक आयोग (पीएसईआरसी) के हालिया आदेश पर कहा कि वन-टाइम सेटलमेंट (ओटीएस) योजना चूककर्ता उपभोक्ताओं को अपने बकाए का निपटान करने का अवसर प्रदान करती है, जो बदले में, पंजाब स्टेट पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) के लिए बकाया राशि की वसूली को बढ़ाएगा। को-चेयर संजीव सिंह सेठी ने कहा कि यह बिल भरने से चूके उपभोक्ताओं को राहत प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो उन्हें एक संरचित योजना के माध्यम से अपने बकाया बकाए का भुगतान करने की अनुमति देता है। पीएचडीसीसीआई के क्षेत्रीय विद्युत और नवीकरणीय ऊर्जा समिति के संयोजक पर्व अरोड़ा ने कहा कि अनुमोदन प्रक्रिया को सरल बनाकर और अधिक पारदर्शी और परेशानी मुक्त अनुभव सुनिश्चित करके उपभोक्ताओं को काफी लाभान्वित करेंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि पीएचडीसीसीआई ने उद्योग की आवाज के रूप में कार्य करते हुए पहले एकमुश्त निपटान (ओटीएस) योजना के आदेश में उल्लिखित प्रावधानों के समान एक प्रस्ताव प्रस्तुत किया था।
पितृ पक्ष के उपलक्ष पर श्री श्याम करुणा फाउंडेशन ने आयोजित किया 132 वां अन्न भंडारा
पंचकूला। श्री श्याम करुणा फाउंडेशन ने पितृ पक्ष के पवित्र दिनों के अवसर पर 132 वां अन्न भंडारा इंडस्ट्रियल एरिया फेज 1 में आयोजित किया। इस नेक पहल का उद्देश्य सभी वर्गों, राहगिरों और जरूरतमंद लोगों को नि:शुल्क भोजन वितरित करना था, जिससे समाज से पुण्य अर्जित किया जा सके।फाउंडेशन के संस्थापक अमिताभ रुंगटा ने पितृ पक्ष के पवित्र दिनों में अन्न भंडारा आयोजित करने के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि “अन्न भंडारा हमारे पूर्वजों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित करने और समाज की सेवा करने का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है।अमिताभ रुंगटा ने कहा कि हमारा प्रयास हमेशा समाज की सेवा करना और जरूरतमंदों की मदद करना रहेगा। हम आगे भी इसी प्रकार के आयोजनों के माध्यम से समाज को जोड़ने का कार्य करते रहेंगे।फाउंडेशन ने इस आयोजन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाओं का ध्यान रखा और उपस्थित लोगों को पौष्टिक भोजन वितरित किया। इस अवसर पर फाउंडेशन के स्वयंसेवक अनुपमा रुंगटा, चैतन्य रुंगटा, प्रगति, सुखपाल सिंह और सुरेश जांगड़ा भी उपस्थित थे, जिन्होंने इस प्रयास को सफ़ल बनाने में अपना योगदान दिया ।




