Wednesday, March 11, 2026
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नदी में अपनी जमीन खो चुके लोगों को भूमि आवंटित करें

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चंडीगढ़ ।  पंजाब में अगस्त में आई बाढ़ से उत्पन्न संकट के बीच, एक प्रमुख सामाजिक राजनीतिक संगठन, मिसल सतलुज ने सरकार से उन लोगों के लिए बेहतर मुआवज़े की माँग की है, जिनका जीवन बाढ़ से तबाह हो गया है । उल्लेख करते हुए कि मिसल सतलुज प्रभावित परिवारों को ज़मीनी स्तर पर मदद प्रदान कर रही है, मिसल सतलुज के अध्यक्ष अजयपाल सिंह बराड़ ने ज़ोर देकर कहा कि लोगों ने अपने घर, अपनी ज़मीन और अपनी आजीविका खो दी है।

लगभग 2500 गाँव सीधे तौर पर प्रभावित हुए हैं और 4 लाख एकड़ ज़मीन पर लगी फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है। हालाँकि सरकार और गैर-सरकारी संगठन ज़मीनी स्तर पर लोगों की मदद कर रहे हैं, लेकिन यह पर्याप्त नहीं है। च्ची ज़मीन वाले लोगों को दोहरी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। उनकी ज़मीन की कोई गिरदावरी नहीं की जाती और उन्हें अपनी कृषि भूमि के लिए कोई मुआवज़ा भी नहीं मिलता, जिस पर वे 1947 से खेती कर रहे हैं। मिसल सतलुज ने इन ज़मीनों के पंजीकरण और नदी में डूबी ज़मीनों के लिए बेहतर मुआवज़े की माँग की।ई जगह पर लोगों की ज़मीनें नदी में समा गई हैं। मिसल सतलुज ने इन लोगों के लिए बेहतर मुआवज़ा और ज़मीन आवंटन की माँग की। बराड़ ने बाढ़ प्रभावित इलाकों में शिक्षा का मुद्दा भी उठाया। 7,000 से ज़्यादा स्कूल क्षतिग्रस्त हो गए हैं। उन्होंने बताया कि मिसल सतलुज ने कई इलाकों में कक्षा 10 और 12 के लिए प्रवेश शुल्क का भुगतान किया है और माँग की कि बाढ़ प्रभावित इलाकों के लिए इसे माफ़ किया जाए। सके अलावा, मिसल सतलुज ने बताया कि जिन लोगों ने कुछ गाँवों को गोद लिया है, उन्होंने कुछ मदद की है, लेकिन वह पर्याप्त नहीं है। प्रशासन ज़्यादा मदद नहीं कर रहा है क्योंकि ये गाँव गोद लिए गए हैं ।उन्होंने सुझाव दिया कि उन्हें आगे आकर प्रशासन से ज़रूरतमंद लोगों की मदद करने के लिए कहना चाहिए। प्रभावित क्षेत्रों में राहत दलों का नेतृत्व करने वाले मान सिंह किल्ली, रोमन बराड़ और सुखविंदर सिंह भगता भाई भी प्रभावित किसानों के साथ मौजूद थे।

अन्नपूर्णा पर पुरुषोत्तम दास रूंगटा चैरिटेबल ट्रस्ट ने आयोजित किया अन्नकूट भंडारा

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किसी के भी जीवन में अन्न की कमी नहीं रहनी चाहिए : समाजसेवी अमिताभ रुंगटा

पंचकूला । दीपावली के उपरांत मनाए जाने वाले अन्नपूर्णा के अवसर पर पुरुषोत्तम दास रूंगटा चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा अन्नकूट भंडारा इंडस्ट्रियल एरिया, फेज-1, पंचकूला में भक्ति और सेवा भाव से आयोजित किया गया। यह ट्रस्ट का 187वां भंडारा था । भंडारे की शुरुआत माँ अन्नपूर्णा की पूजा-अर्चना के साथ हुई, जिसके पश्चात सैकड़ों जरूरतमंदों और स्थानीय निवासियों को प्रसाद के रूप में भोजन वितरित किया गया। ट्रस्ट के संस्थापक एवं समाजसेवी अमिताभ रुंगटा ने इस अवसर पर कहा कि अन्नकूट भंडारा, जिसे गोवर्धन पूजा या अन्नपूर्णा दिवस के नाम से भी जाना जाता है, भारतीय संस्कृति में अन्न और श्रम के सम्मान का प्रतीक है। इस दिन अन्न भंडारा लगाने से माँ अन्नपूर्णा से समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है। यह पर्व हमें याद दिलाता है कि हमें किसी के जीवन में अन्न की कमी न रहे इसके लिए काम करना चाहिए — यही सच्ची पूजा और मानवता का धर्म है। यह दिन माँ अन्नपूर्णा की कृपा का स्मरण कर समाज में सहभोजन, करुणा और साझा समृद्धि की भावना को बढ़ाने का प्रतीक है। भंडारे के आयोजन में अनुपमा रुंगटा, चैतन्य रुंगटा, सुरेश जांगरा और निधि संधु विशेष रूप से उपस्थित रहे और ट्रस्ट के सदस्यों के साथ सेवा कार्यों में सक्रिय रूप से भाग लिया।

पर्यावरण के संरक्षण के संदेश के साथ पर्यावरण दरबार का आयोजन

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चंडीगढ़। सूर्य उपासना और लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा के शुभागमन के उपलक्ष्य में जय मधुसूदन जय श्रीकृष्ण फाउंडेशन की ओर से पर्यावरण के संरक्षण और संवर्धन के संदेश को प्रचारित और प्रसारित करने का जनभागीदारी कार्यक्रम की शुरुआत सन लेक सेक्टर 42 चंडीगढ़ से शुरू किया गया और त्रिशक्ति मंदिर सेक्टर 49 चंडीगढ़ में पूजनीय शशि माता के सानिध्य में पर्यावरण दरबार का कार्यक्रम आयोजित हुआ। फाउंडेशन के संस्थापक पर्यावरण सेवक प्रभुनाथ शाही ने बताया कि दिवाली के बाद पूर्वांचल के परिवारों में छठ पूजा की तैयारी की शुरुआत सात्विक दिनचर्या और छठ के लोकगीत के साथ हो जाती है। इस वर्ष 25 अक्टूबर से नहाए खाये के साथ छठ पूजा की शुरुआत होगी,26 को खरना,27 को सायंकाल डूबते सूर्य को अर्घ्य तथा 28 अक्टूबर को सुबह सूर्योदय के साथ उगते सूर्य को अर्घ्य देकर लोक आस्था का पर्व संपन्न होगा। पिछले कई वर्षों से फाउंडेशन के समर्पित सदस्यों और सहयोगियों के समर्पण से पर्यावरण के जागरूकता अभियान को जन जन तक पहुँचाने का सक्रिय प्रयास किया जा रहा है। पर्यावरण दरबार में परम पूजनीय शशि माता ने बताया कि सूर्योपासना का महापर्व छठ पूजा पूर्ण रूप से पर्यावरण को समर्पित है और इससे पर्यावरण के संरक्षण और संवर्धन का संदेश मिलता है। हम सभी को अपना जीवन पर्यावरणपरक रखना चाहिए।

तथास्तु चैरिटेबल स्कूल ने मनाया दिवाली का त्योहार

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जीरकपुर। ढकोली स्तिथ तथास्तु चैरिटेबल पब्लिक स्कूल द्वारा प्री-दिवाली सेलिब्रेशन किया गया। जिसमें बच्चों ने बहुत सारे दीए बनाए और बहुत सारा सजावट का समान बनाया और बहुत प्यारी सी रंगोली बनाई । छोटे-छोटे बच्चों ने रंग-बिरंगे कागजों से रंग बिरंगी झालर बनाकर अपने स्कूल के कमरे की सजावट की,आज हमारे मुख्य मेहमान राजेश दलाल और उनकी पत्नी सीमा दलाल चेयरपर्सन आफ हिंदुस्तान स्कोटस, हिमाचल प्रदेश इन्होंने बहुत अच्छे दीए बनाने और बहुत अच्छी रंगोली बनाने वाले बच्चों को ट्रॉफी देकर उनका हौसला बढ़ाया, जिससे कि बच्चे बहुत खुश हुए और साथ में उन्होंने बच्चों के लिए भोजन ऒर रिफ्रेशमेंट का भी अरेंज किया और डॉक्टर सर्वजीत कौर का दिल से धन्यवाद करते हुए कहा कि बहुत सालों से आप यह स्कूल चला रहे हो और बहुत खुशी होती है कि स्लम एरिया के बच्चों को पढ़ने का मौका मिलता है। स्कूल की प्रिंसिपल दर्शन देवी और स्कूल के डायरेक्टर डॉक्टर सरबजीत कौर और स्कूल का सारा स्टाफ पंडित बलवान भारद्वाज, रमन जुनेजा, अरविंद प्रकाश, जितेंद्र और प्रिंस सब मौजूद थे। इस मौके पर डॉक्टर सर्वजीत कौर ने सब लोगों को तहे-दिल से धन्यवाद किया, इस मौके पर उन्होंने बच्चों को कहा कि आपको बड़े ध्यान से दिवाली मनाए और पटाखे अपने माता-पिता की मौजूदगी में ही चलाएं, हो सके तो कम धुएं वाले पटाखे चलाएं जिससे कि हमारा वातावरण प्रदूषित न हो सके और अंत में स्कूल के प्रिंसिपल दर्शन देवी ने बच्चों को रिफ्रेशमेंट बाटी और उन्होंने भी बच्चों को अपने वातावरण मे स्वछता रखने के लिए कहा जिससे कि बीमारियों से दूर रह सके और अंत में सब स्टाफ की तरफ से और आए हुए लोगों की तरफ से सब ने एक दूसरे को दिवाली की मुबारकबाद दी और बच्चों को आशीर्वाद दिया। दिवाली सबके लिए मंगलमय हो।

राजकीय उच्च विद्यालय 46 में ग्रीन दिवाली कार्यक्रम का आयोजन

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चंडीगढ़। राजकीय आदर्श उच्च विद्यालय सेक्टर 46 चंडीगढ़ के प्रांगण में जय मधुसूदन जय श्रीकृष्ण फाउंडेशन की सहभागिता के साथ दिवाली के उपलक्ष्य में प्रदूषण रहित दिवाली मनाने के आग्रह के साथ हरित दिवाली का आयोजन किया गया । इस अवसर पर फाउंडेशन के संस्थापक पर्यावरण सेवक प्रभुनाथ शाही ने उपस्थित सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को संबोधित करते हुए बताया कि हमे अपने जीवन के दिनचर्या और उत्सव तथा विभिन्न आयोजनों में पर्यावरणपरक वस्तुओं के उपयोग का विशेष ध्यान रखना चाहिए और प्राणवायु की गुणवत्ता को बनाए रखने के लिए पटाखे रूपी राक्षस से दूर रहना चाहिए। शाही ने सभी को प्रदूषण रहित दिवाली मनाने की शपथ दिलाई । उन्होंने विद्यालय के प्रधानाध्यापक राजिंदर सिंह का पर्यावरण के संरक्षण एवं संवर्धन संबंधी कार्यों में विशेष योगदान के लिए सादर धन्यवाद करते हुए इको क्लब इंचार्ज नायब सिंह को सादर आभार प्रकट किया। इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अलग अलग गतिविधियों रंगोली प्रतियोगिता,स्लोगन प्रतियोगिता के साथ विद्यालय के पास के आवासीय क्षेत्र में ग्रीन दिवाली को लेकर जागरूकता रैली निकाली और पर्यावरण सेवक प्रभुनाथ शाही ने रैली को हरी झंडी दिखाकर आगे बढ़ाया । इस कार्यक्रम को सफल बनाने में अजय सिंह राणा,मनोज कुमार,केशव गुप्ता,कुलदीप इंदर सिंह,जगदीप सिंह,मधुबाला,मिनी जोशी और शालू गुलाटी का विशेष सहयोग रहा ।

सीनियर सिटीजन वेलफेयर एसोसिएशन ने अक्तूबर महीने में जन्मे वरिष्ठ सदस्यों का जन्मदिन धूमधाम से मनाया

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चंडीगढ़। सीनियर सिटीजन वेलफेयर एसोसिएशन चंडीगढ़ ने अक्तूबर महीने में जन्मे अपनी एसोसिएशन के सदस्यों का जन्मदिन धूमधाम व उत्साह से मनाया। सेक्टर 37 कम्युनिटी सेंटर में एसोसिएशन द्वारा आयोजित कार्यक्रम में लगभग 07 उन सदस्यों का, जो कि अक्टूबर के महीने में पैदा हुए थे,उत्साह और जोश के साथ जन्मदिन मनाया। एसोसिएशन के सदस्य सुरिंदर वर्मा ( जिनका जन्मदिन भी मनाया गया था), ने बताया कि क्योंकि वह भी अक्टूबर में ही पैदा हुए थे इसीलिए उन्होंने सभी सदस्यों से कहा कि वह अपने जन्मदिन को तो मानते हैं, लेकिन इस बार अपने उन सदस्यों के जन्मदिन को भी मनाएंगे जो इसी अक्टूबर के महीने में पैदा हुए हैं। कार्यक्रम की शुरुआत हमेशा की तरह तंबोला से हुई और इसके बाद केक काटकर सुरेंद्र वर्मा न केवल अपना बल्कि अपने साथियों का जन्मदिन भी मनाया। सभी सदस्य बहुत उत्साहित और जोश में थे उन्होंने कहा कि यह इत्तेफाक नहीं की दीपावली का त्योहार और यह सेलिब्रेशन लगभग एक साथ आए। त्योहारों के कारण जोश और उत्साह के साथ इस आयोजन ने उनके अंदर जिंदगी जीने की नई उमंग पैदा कर दी है।

संगठन की अध्यक्ष राजकुमारी शर्मा और सेक्रेटरी वीरेंदर शर्मा ने जमकर सुरेंद्र वर्मा की तारीफ की। इसके बाद जमकर धमाल मस्ती हुई पुराने गानों पर डांस किया और गाकर भी सुनाये। समारोह के अंत मे सभी सदस्यों ने फुलझड़ी जलाकर एकदूसरे को दिवाली की मुबारकबाद दी।

पूर्व मेयर एवं पार्षद मनोज सौनकर ने हरी झंडी दिखाकर किया नई सीवरेज गाड़ी का शुभारंभ

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चंडीगढ़। वार्ड नंबर 7 में सफाई व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया। नगर निगम की ओर से क्षेत्र के लिए एक नई सीवरेज सफाई गाड़ी का शुभारंभ किया गया। इस अत्याधुनिक गाड़ी के माध्यम से अब सीवरेज की सफाई का कार्य अधिक प्रभावी, सुरक्षित और समयबद्ध तरीके से किया जा सकेगा, जिससे वार्ड के निवासियों को गंदे पानी की समस्या से काफी राहत मिलेगी।गाड़ी का अधिवर्तन पूर्व मेयर एवं वर्तमान पार्षद मनोज सौनकर ने हरी झंडी दिखाकर किया। इस अवसर पर जिला उपाध्यक्ष राम कुमार चौधरी और अरविंद सिंह विशेष रूप से मौजूद रहे। कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष बंटी सिंह, राजिंदर शर्मा, अनिल सेन, हरीश गुप्ता, आजाद मौर्या, जतिंदर झा, मंजू वर्मा, किरण, बिमला और रूबी सहित कई कार्यकर्ता और स्थानीय लोग भी उपस्थित रहे।शुभारंभ कार्यक्रम के दौरान मनोज सौनकर ने कहा कि नगर निगम द्वारा इस नई गाड़ी की सुविधा शुरू करना वार्ड 7 के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि इस गाड़ी से सीवरेज से जुड़ी समस्याओं का समाधान अब और तेजी से किया जा सकेगा, जिससे जनता को बड़ी राहत मिलेगी।कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने निगम के इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि इस पहल से न केवल सफाई व्यवस्था में सुधार होगा बल्कि स्थानीय स्तर पर स्वच्छता के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी।कार्यक्रम का समापन सभी अतिथियों के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें यह संकल्प लिया गया कि वार्ड 7 को स्वच्छ और स्वस्थ रखने के लिए सभी मिलजुलकर कार्य करेंगे।

निसान मोटर ने सीएनजी रेट्रो फिटमेंट प्रोग्राम के विस्तार का किया

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चंडीगढ़ । निसान मोटर इंडिया ने अपने सीएनजी रेट्रो फिटमेंट प्रोग्राम के विस्तार का एलान किया। अब नई निसान मैग्नाइट BR10 EZ-शिफ्ट (एएमटी) के लिए सरकार द्वारा प्रमाणित सीएनजी रेट्रो फिटमेंट की पेशकश की गई है। इस साल की शुरुआत में नई निसान मैग्नाइट BR10 मैनुअल ट्रांसमिशन में रेट्रो फिटमेंट को लेकर ग्राहकों की तरफ से मिली शानदार प्रतिक्रिया को देखते हुए उठाया गया यह कदम सुगम, दक्ष और ग्राहकों को केंद्र में रखने वाले मोबिलिटी सॉल्यूशंस देने की निसान की प्रतिबद्धता की दिशा में एक और उल्लेखनीय पड़ाव है।EZ- शिफ्ट अब सीएनजी रेट्रो फिटमेंट और 3 साल या 1 लाख किलोमीटर की वारंटी के साथ उपलब्ध है। सीएनजी रेट्रोफिटिंग वाली सभी नई निसान मैग्नाइट में स्टैंडर्ड फ्यूल लिड के साथ एक इंटीग्रेटेड फ्यूल फिलिंग सिस्टम दिया गया । सीएनजी रेट्रो फिटमेंट की कीमत 71,999 रुपये करते हुए निसान ने ग्राहकों को जीएसटी में कटौती का लाभ दिया है। पहले लॉन्च की गई नई निसान मैग्नाइट BR10 एमटी (मैनुअल) को ग्राहकों से मिली मजबूत प्रतिक्रिया को देखते हुए रेंज का विस्तार EZ- शिफ्ट (एएमटी) में किया गया है।भारत के 13 राज्यों में अधिकृत केंद्रों के माध्यम से सीएनजी रेट्रो फिटमेंट किट उपलब्ध है।निसान मोटर इंडिया के मैनेजिंग डायरेक्टर सौरभ वत्स ने कहा कि नया फ्यूल-लिड इंटीग्रेशन और कम कीमत में किट की उपलब्धता से ग्राहकों के लिए निसान व्हीकल का ओनरशिप एक्सपीरियंस को और भी आसान व फायदेमंद बनता है। हम ऐसे व्यावहारिक, मूल्य आधारित मोबिलिटी सॉल्यूशन देने के लिए प्रतिबद्ध हैं, जो ग्राहकों की संतुष्टि को बढ़ाते हैं और हमारे ब्रांड के भरोसे को मजबूत करते हैं।

सड़क दुर्घटनाओं में जान बचाने के लिए ‘गोल्डन ऑवर’ महत्वपूर्ण: डॉ. भानु प्रताप सलूजा

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भारत में प्रतिदिन 460 मौतों के साथ, ट्रामा दुर्घटनाएँ चिंताजनक रूप से बढ़ रही हैं: डॉ. आशीष शर्मा

चंडीगढ़ । पार्क हॉस्पिटल मोहाली की टीम, डायरेक्टर आर्थोपेडिक्स और रोबोटिक ज्वाइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी डॉ भानु प्रताप सिंह , सीईओ डॉ. रोहित जसवाल, कंसल्टेंट न्यूरोसर्जरी डॉ. अनिल सोफत, कंसल्टेंट प्लास्टिक सर्जरी डॉ. अंकुर शर्मा और कंसल्टेंट जीआई सर्जरी डॉ. आशीष शर्मा ने उत्तर भारत में सड़क दुर्घटनाओं और ट्रॉमा सेवाओं के बढ़ते मामलों पर यहां एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया।
डॉ भानु प्रताप सिंह ने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि पिछले 12 वर्षों में वैश्विक स्तर पर सड़क दुर्घटनाओं में 5% की गिरावट आई है, जबकि भारत में इसमें 15.3% की वृद्धि हुई है। भारत में यातायात से संबंधित सभी मौतों में से 83% सड़क दुर्घटनाओं में योगदान करती हैं। लोगों को ‘गोल्डन ऑवर’ कांसेप्ट के महत्व को जानना चाहिए, जिसका अर्थ है कि किसी भी दुर्घटना के बाद पहले 60 मिनट सबसे महत्वपूर्ण होते हैं। अगर सही मरीज सही समय पर सही जगह पहुंच जाए तो कई लोगों की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने यह भी साझा किया कि सड़क दुर्घटनाओं में 70% लोगों की जान तेज गति से गाड़ी चलाने के कारण जाती है।


डॉ. अनिल सोफत ने कहा कि भारत में वैश्विक वाहन आबादी का केवल 1% हिस्सा है और दुनिया भर में दुर्घटना से संबंधित मौतों की संख्या सबसे अधिक है। अधिकांश दुर्घटनाओं में सिर की चोट के अलावा, मोटर चालकों को वक्ष और जीआई चोटों का भी सामना करना पड़ता है, जो समान रूप से घातक होते हैं। डॉ. अंकुर शर्मा ने कहा कि भारत में ट्रॉमा के मामलों में तेज गति से गाड़ी चलाना और सीट बेल्ट न पहनना सिर की चोटों के प्रमुख मामले हैं।इसके अलावा नशे में गाड़ी चलाना, लाल बत्ती तोड़ना, ड्राइवरों का ध्यान भटकाना, ड्राइविंग लेन का पालन न करना और गलत साइड से ओवरटेक करना भारत में सड़क दुर्घटनाओं के अन्य कारण हैं। डॉ. आशीष शर्मा ने बताया कि दोपहिया वाहन परिवहन के सबसे असुरक्षित साधनों में से एक हैं। संयुक्त राष्ट्र मोटरसाइकिल हेलमेट अध्ययन के अनुसार यात्री कारों के चालकों की तुलना में मोटरसाइकिल चालकों की सड़क दुर्घटना में मरने की संभावना 26 गुना अधिक है। उचित हेलमेट पहनने से उनके जीवित रहने की संभावना 42% तक बढ़ जाती है और मस्तिष्क की चोट का खतरा 74% कम हो जाता है।
डॉ. आशीष शर्मा ने कहा, अच्छा हेलमेट पहनने और उसे ठीक से बांधने से 90 प्रतिशत दुर्घटना के मामलों में जान की हानि को रोका जा सकता है। रोहित जसवाल ने कहा कि पार्क अस्पताल, मोहाली अब ईसीएचएस, सीजीएचएस, ईएसआई, आयुष्मान हरियाणा और हिमाचल प्रदेश सरकारों और सभी प्रमुख टीपीए, कॉर्पोरेट्स के साथ सूचीबद्ध है। पार्क अस्पताल, मोहाली में सभी प्रकार की ट्रॉमा सर्जरी और खेल चोटों की सर्जरी नियमित रूप से की जा रही है।
दुर्घटनाओं को रोकने के उपाय:

  1. स्पीड पर लगाम रखें
  2. यातायात नियमों का पालन करें
  3. सीट बेल्ट पहनें
  4. पैदल चलने वालों को प्राथमिकता दें
  5. सावधानी संकेत पढ़ें
  6. कारों में एंटी-स्किड ब्रेक सिस्टम अपनाएं
  7. एयर बैग जरूरी हैं
  8. वाहन के पीछे रिफ्लेक्टर का प्रयोग किया जाएगा
  9. वाहन को अच्छी चालू हालत में रखें
  10. उचित साइन बोर्ड के साथ सड़कें अच्छी स्थिति में होनी चाहिए
  11. वाहन चलाते समय नशीली दवाओं और शराब से बचें

पीएचडीसीसीआई ने एमएसएमई को बढ़ाने और गति देने के लिए रैंप श्रृखंला के तहत किया पांचवें जागरूकता सत्र का आयोजन

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चंडीगढ़ । पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री के चंडीगढ़ चैप्टर ने चंडीगढ़ प्रशासन के उद्योग विभाग के सहयोग से एमएसएमई प्रदर्शन को बढ़ाने और गति देने (आरएएमपी) कार्यक्रम श्रृंखला पर पांचवां जागरूकता सत्र आयोजित किया। सत्र का उद्देश्य सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) के बीच प्रतिस्पर्धात्मकता और स्थिरता बढ़ाने के लिए उपलब्ध विभिन्न योजनाओं, वित्तीय साधनों और तकनीकी हस्तक्षेपों के बारे में जागरूकता पैदा करना था। पीएचडीसीसीआई की क्षेत्रीय एमएसएमई समिति के संयोजक एडवोकेट लोकेश जैन ने सरकारी योजनाओं का प्रभावी ढंग से लाभ उठाने के लिए एमएसएमई के लिए जागरूकता और सहायता के महत्व पर ज़ोर दिया। पीएचडीसीसीआई की वरिष्ठ क्षेत्रीय निदेशक सुश्री भारती सूद ने गणमान्यों का स्वागत करते हुए कहा कि विश्व बैंक और भारत सरकार के एमएसएमई मंत्रालय द्वारा समर्थित रैंप कार्यक्रम, प्रौद्योगिकी, वित्त और बाजार संबंधों तक पहुंच में सुधार करके एमएसएमई को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में कार्य करता है। सत्र के दौरान लुधियाना के एमएसएमई-डीएफओ के अतिरिक्त निदेशक मोहित ने उद्योग के लिए एमएसएमई मंत्रालय द्वारा प्रदान की जा रही विभिन्न योजनाओं के बारे में बताया। एनसीजी कॉर्पोरेट इंजीनियर्स के निदेशक निभाय गाग्र्य ने एमएसएमई के लिए आवश्यक प्रौद्योगिकी अपनाने पर अपनी बात रखी। चंडीगढ़ पावर डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड के प्रमोद कुमार मिश्रा ने नवीकरणीय ऊर्जा एकीकरण और इसके दीर्घकालिक लाभों पर प्रतिभागियों को संबोधित किया और पीएचडीसीसीआई की क्षेत्रीय बैंकिंग और वित्तीय सेवा समिति के सह-संयोजक शिव शंकर कुमार ने एमएसएमई वित्तपोषण और एमएसएमई के लिए उपलब्ध विभिन्न वित्तीय साधनों पर बात की। सत्र के समापन पर प्रश्नोत्तर सत्र के साथ हुआ, जहां प्रतिभागियों ने विशेषज्ञों के साथ बातचीत की और योजना कार्यान्वयन, वित्तीय चुनौतियों और प्रौद्योगिकी एकीकरण पर अपने प्रश्नों का समाधान किया।